गोरखपुर में मोबिल गिरने का झांसा देकर सोमवार को एक बार फिर जालसाजों ने ट्रांसपोर्ट नगर के पास से कार में लैपटॉप रखा बैग उड़ा दिया है। पिछले तीन महीने से शहर में जालसाजों का गिरोह इस तरह की वारदातों को अंजाम दे रहा है, लेकिन पुलिस आरोपी तक नहीं पहुंच पा रही है।
अगर समय रहते पुलिस ने गिरोह को नहीं पकड़ा तो कई और लोगों को निशाना बना सकते हैं। हालांकि, एसपी सिटी कृष्ण कुमार विश्नोई का कहना है कि पुलिस टीमें लगी हैं, जल्द ही आरोपियों की गिरफ्तारी कर ली जाएगी।
जानकारी के मुताबिक, रामगढ़ताल के जैमिनी अपार्टमेंट निवासी प्रिंस अभिनीत एक सीमेंट कंपनी में कार्यरत हैं। सोमवार को कार से अपने दोस्त के साथ बेलीपार के महावीर छपरा जा रहे थे। ट्रांसपोर्ट नगर के पास दो लोगों ने बोनट से मोबिल गिरने का इशारा किया।
पहली बार ध्यान नहीं दिया, लेकिन फिर एक शख्स ने इशारा किया तो वह रुक गए। आगे जाकर देखे तो मोबिल लगा था, लेकिन बोनट खुलने पर ऐसा कुछ नहीं था। इसके बाद उन्होंने आगे दिखाने को सोच और गाड़ी में बैठने गए तो देखे कि दरवाजा खुला है। अंदर देखे तो बैग गायब था। बैग में लैपटॉप, चार्जर और कई जरूरी दस्तावेज थे।
ज्योतिष और एजेंसी मालिक के साथ भी हुई थी घटनाएं
इसके पहले चार अप्रैल को शहर के एक बड़े ज्योतिष को बेतियाहाता के पास झांसा देकर जालसाज दो लाख रुपये, लैपटॉप व जरूरी कागजात लेकर फरार हो गए थे। उन्हें भी जालसाजों ने मोबिल गिरने की बात कही थी और रुकने पर वारदात की थी। इसके पहले काली मंदिर के पास जनवरी में एजेंसी मालिक मनोज मातनहेलिया के साथ भी जालसाजों ने इसी तरह से वारदात की थी। उनके कार से भी जालसाज 3.50 लाख रुपये व जरूरी कागजात लेकर फरार हो गए थे। अभी इन घटनाओं का भी पुलिस पर्दाफाश नहीं कर सकी है।