गोरखपुर जिले में एक हैरान करने वाला मामला सामने आया है। यहां तहसील दिवस पर प्राप्त प्रार्थना पत्र में आवेदक द्वारा पासपोर्ट वेरीफिकेशन के नाम पर रुपये लेने का आरोप लगाया गया। इसमें प्रथम दृष्टया आरोपी पाए जाने पर कांस्टेबल राजकुमार यादव को लाइन हाजिर किया गया और वहीं होमगार्ड रामप्रवीण ओझा व राजेश चौरसिया को चौरीचौरा सर्किल से सदा के लिए हटा दिया गया।
बताया जा रहा है कि आरोपी पुलिस कर्मी पासपोर्ट वेरीफिकेशन के नाम पर आवेदक से सरकारी फीस बताकर रुपये लेने का काम करते थे। वहीं रुपये ना देने पर फर्जी मुकदमे में फंसाने की धमकी देते थे। शिकायत मिलने पर वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक गोरखपुर द्वारा तत्काल प्रभाव से कांस्टेबल राजकुमार यादव को थाना चौरीचौरा से पुलिस लाइन कर, जांच के लिए पुलिस अधीक्षक नगर को आदेशित किया गया।
इसके अलावा होमगार्ड रामप्रवीण ओझा और होमगार्ड राजेश चौरसिया को चौरीचौरा सर्किल से सदा के लिए हटा दिया गया है।