गणेश चतुर्थी, मकर संक्रांति समेत पड़ेंगे कई पर्व
पौष माह का समापन 25 जनवरी को पौष पूर्णिमा के साथ होगा
संवद न्यूज एजेंसी
गोरखपुर। मार्गशीर्ष पूर्णिमा के बाद पौष माह की शुरुआत हो चुकी है। पौष मास भगवान सूर्य और पितरों को समर्पित है। इस मास में सूर्य की आराधना के साथ ही पितरों के तर्पण से शुभ फल की प्राप्ति होती है। पौष माह का समापन 25 जनवरी को पौष पूर्णिमा के साथ होगा।
वाराणसी से प्रकाशित हृषीकेश पंचांग के अनुसार, पौष माह में साल की पहली एकादशी सफला एकादशी पड़ेगी। इसके अलावा संकष्टी चतुर्थी, मासिक शिवरात्रि और प्रदोष व्रत रखा जाएगा। पौष अमावस्या, लोहड़ी और मकर संक्रांति के त्योहार भी इस महीने में सबसे प्रमुख हैं। पौष अमावस्या के दिन भगवान विष्णु की पूजा की जाती है साथ ही, पितरों का तर्पण और पिंड दान करने की भी परंपरा है। मकर संक्रांति पर सूर्य धनु राशि से निकलकर मकर राशि में प्रवेश करते हैं और इसी के साथ खरमास समाप्त हो जाता है।
पौष के व्रत और त्योहार
30 दिसंबर संकष्टी चतुर्थी
03 जनवरी मासिक कृष्ण जन्माष्टमी
04 जनवरी कालाष्टमी
07 जनवरी सफला एकादशी
09 जनवरी प्रदोष व्रत, मासिक शिवरात्रि
11 जनवरी पौष अमावस्या
14 जनवरी गणेश चतुर्थी, लोहड़ी
15 जनवरी मकर संक्रांति
16 जनवरी बिहू, स्कंद षष्ठी
17 जनवरी गुरु गोबिंद सिंह जयंती
18 जनवरी मासिक दुर्गाष्टमी
21 जनवरी पौष पुत्रदा एकादशी
23 जनवरी प्रदोष व्रत
25 जनवरी पौष पूर्णिमा