फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

एमल्टकॉन-2025 : स्वास्थ्य व्यवस्था की रीढ़ हैं मेडिकल लैब टेक्नोलॉजिस्ट, लैब सेवाओं की नई तकनीकी पर हुई चर्चा

Sun, 21 Dec 2025 01:21 PM IST
रोहित सिंह अमर उजाला नेटवर्क, गोरखपुर

सार

विशिष्ट अतिथि एम्स गोरखपुर की कार्यकारी निदेशक डॉ. विभा दत्ता ने कहा कि लैब टेक्नोलॉजिस्ट केवल जांच तक सीमित नहीं रहे, बल्कि नैदानिक निर्णय प्रक्रिया में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं। आरएमआरसी के निदेशक डॉ. हरि शंकर जोशी ने अनुसंधान आधारित लैब सेवाओं के महत्व पर प्रकाश डाला।
विज्ञापन
एमल्टकॉन-2025 का शुभारंभ - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

ऑल इंडिया मेडिकल लेबोरेटरी टेक्नोलॉजिस्ट एसोसिएशन और महायोगी गोरखनाथ विश्वविद्यालय के तत्वावधान में आयोजित तीन दिवसीय एमल्टकॉन-2025 (44वीं राष्ट्रीय संगोष्ठी) शनिवार को विश्वविद्यालय के ऑडिटोरियम में शुरू हुआ।

विज्ञापन


मुख्य अतिथि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के सलाहकार डॉ. जीएन सिंह ने कहा कि मेडिकल लैब टेक्नोलॉजिस्ट स्वास्थ्य व्यवस्था की रीढ़ हैं। इस तरह की राष्ट्रीय संगोष्ठियां गुणवत्ता और तकनीकी दक्षता को नई दिशा देती हैं।

उन्होंने लैब प्रोफेशनल्स से सतत प्रशिक्षण एवं नवीन तकनीकों को अपनाने का आह्वान किया। विशिष्ट अतिथि एम्स गोरखपुर की कार्यकारी निदेशक डॉ. विभा दत्ता ने कहा कि लैब टेक्नोलॉजिस्ट केवल जांच तक सीमित नहीं रहे, बल्कि नैदानिक निर्णय प्रक्रिया में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं। आरएमआरसी के निदेशक डॉ. हरि शंकर जोशी ने अनुसंधान आधारित लैब सेवाओं के महत्व पर प्रकाश डाला।

कार्यक्रम का शुभारंभ दीप प्रज्वलन, राष्ट्रगान और सरस्वती वंदना से हुआ। मंच पर अतिथियों का स्वागत पुष्पगुच्छ और स्मृति चिन्ह देकर किया गया। सम्मेलन का उद्देश्य मेडिकल लैब सेवाओं में गुणवत्ता, मानकीकरण, नवाचार और अनुसंधान पर गहन विमर्श करना था।
विज्ञापन

एमल्टकॉन-2025 का शुभारंभ - फोटो : अमर उजाला
महायोगी गोरखनाथ विश्वविद्यालय के कुलपति मेजर जनरल (डॉ.) अतुल वाजपेयी ने अध्यक्षता करते हुए तकनीकी कौशल, नैतिक मूल्य और गुणवत्ता आधारित कार्य संस्कृति अपनाने पर जोर दिया। कहा कि आज का युग तकनीक, अनुसंधान और नवाचार का है। मेडिकल लैबोरेटरी क्षेत्र में सतत कौशल उन्नयन, नैतिक मूल्यों और गुणवत्ता आधारित कार्य संस्कृति को अपनाकर ही बेहतर एवं विश्वसनीय स्वास्थ्य सेवाएं प्रदान की जा सकती हैं।

एसोसिएशन के राष्ट्रीय अध्यक्ष मनमोहन दास ने सम्मेलन को प्रोफेशनल्स के अधिकार, सम्मान और कौशल विकास का साझा मंच बताया। राष्ट्रीय सचिव देवेंद्र प्रसाद ने इसे नीति निर्धारण और संगठनात्मक एकता का अवसर बताया। कार्यक्रम का समापन ऑर्गनाइजिंग चेयरमैन रणजीत गुप्ता ने धन्यवाद ज्ञापन के साथ किया। आगामी सत्रों में तकनीकी व्याख्यान, शोध पत्र प्रस्तुतियां और पैनल चर्चा आयोजित की जाएंगी।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें