गोरखपुर जिले के शाहपुर इलाके के हनुमंत नगर कॉलोनी में बुधवार को जलभराव के बीच बिजली का तार टूटकर गिरने से करंट की चपेट में आए हर्ष पांडेय (17) की मौत हो गई। आसपास के लोगों ने इसकी सूचना उपकेंद्र में दी। इसके बाद भी आपूर्ति बंद नहीं की गई। स्थानीय लोगों ने 112 नंबर पर टेलीफोन कर घटना की सूचना दी। नाराज स्थानीय लोगों ने निगम के अधिकारियों के खिलाफ प्रदर्शन कर नारेबाजी की।
दरअसल, 24 घंटे पहले ही निगम की तरफ से उसी बिजली खंभे से एक तार को बदला गया था। लेकिन जर्जर तार नहीं दिखा। विभागीय लापरवाही से आपूर्ति का भार जर्जर तार नहीं झेल सका और टूट गया जिसकी चपेट में किशोर आ गया।
जानकारी के मुताबिक, देवरिया जिले के रुद्रपुर थाना क्षेत्र के एकौना गांव निवासी दवा कंपनी के एमआर पिंटू पांडेय परिवार सहित शाहपुर थाना क्षेत्र के हनुमंत नगर कॉलोनी में संतोष पांडेय के मकान में पांच वर्षों से किराए पर रहते हैं। इनके दो बेटों में हर्ष सबसे बड़ा था। मंगलवार सुबह बिजली निगम ने इलाके के बिजली पोल से जाने वाली एलटी लाइन को बदला था। इसी के पास एक जर्जर तार और था। इसे बदलने के लिए इलाके के लोग लगातार जेई से शिकायत कर रहे थे।
तार बदलते वक्त भी लोगों ने जर्जर तार को बदलने के लिए कहा लेकिन नहीं बदला गया। बुधवार दोपहर में पोल से एलटी लाइन का वही जर्जर तार टूटकर जलभराव में गिर गया। उसी वक्त हर्ष पानी के बीच से गुजर रहा था कि पानी में करंट आने से चपेट में आ गया जिससे उसकी मौत हो गई। आधे घंटे तक पानी में हर्ष का शव पड़ा रहा।
इस बाबत अधिशासी अभियंता हवलदार रावत का कहना है कि स्थानीय जेई की गलती नहीं है। मंगलवार को ही उसने कुछ तार बदला था। जो तार ओवरलोड होकर टूटा है उस पर भार भी अधिक नहीं चल रहा। स्थानीय किसी उपभोक्ता ने अपने कनेक्शन लोड के सापेक्ष अधिक बिजली खपत की होगी। इसी से तार टूटकर गिरा।