गोरखपुर जिले के तिवारीपुर थाने से जेल भेजे गए अनाथ आश्रम संचालक शेखर ने लखनऊ के एक दंपती से बच्चे का सौदा तीन लाख रुपये में तय किया था। पुलिस की जांच में सामने आया है कि लखनऊ के दंपती की पांच लड़कियां हैं और उसने एक लड़के के लिए अनाथ आश्रम से संपर्क किया था।
इसके बाद पांच लाख रुपये की मांग की गई थी, लेकिन परिवार ने बच्चे के लिए तीन लाख रुपये देने के लिए हामी भरी थी। खबर है कि उसी परिवार की मदद से गाड़ी भी बुक की गई थी, जो लखनऊ की थी। परिवार से पुलिस ने संपर्क किया है, ताकि जांच को आगे बढ़ाया जा सके। वांछित बदमाशों की तलाश में पुलिस दबिश दे रही।
जानकारी के मुताबिक, पुलिस ने मऊ में अनाथ आश्रम चलाने वाले शेखर सहित सात आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेजा था। इसके बाद से ही पुलिस पूरे प्रकरण की गहराई से जांच में लगी है। पूछताछ में लखनऊ के एक परिवार का नाम सामने आने के बाद पुलिस ने संपर्क किया तो परिवार के लोगों ने स्वीकार कर लिया है कि शेखर से उनकी बातचीत हुई थी। अब पुलिस परिवार से संपर्क कर पूरे मामले को समझने की कोशिश कर रही है। उधर, जो बीस फोटो पुलिस को मिले थे, उसका भी सत्यापन शुरू कर दिया गया है। बच्चे कहां से आए और कहां, किसे गोद दिया गया है। इन सभी बिंदुओं पर पुलिस जांच कर रही है।
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