कोविड टीकाकरण कार्यक्रम को सफल बनाने के लिए स्वास्थ्य विभाग गोरखपुर जिले के कोटेदारों की भी मदद लेगा। इसे लेकर स्वयंसेवी संस्था यूनिसेफ के सहयोग से कोटेदारों को शुक्रवार को वर्चुअल प्रशिक्षण भी दिया गया। सीएमओ डॉ. सुधाकर पांडेय, ज्वाइंट मजिस्ट्रेट कुलदीप मीणा और एसडीएम रजत वर्मा ने कोटेदारों से अपील की कि वह टीकाकरण कार्यक्रम को सफल बनाने के लिए सक्रिय योगदान दें।
इस बीच स्वयंसेवी संस्था यूएनडीपी के प्रतिनिधि पवन कुमार सिंह ने कोटेदारों को टीकाकरण के लिए पंजीकरण करने का तरीका बताया। सीएमओ ने बताया कि जिले में करीब 5.50 लाख लोग कोविड टीकाकरण करवा चुके हैं। कोरोना की तीसरी लहर की आशंका के मद्देनजर कोविड प्रोटोकॉल के पालन के साथ-साथ टीकाकरण ही एक सशक्त विकल्प है।
अब 18 वर्ष से अधिक आयु वर्ग के सभी लोगों का टीकाकरण होने लगा है। टीका पूरी तरह से निशुल्क है और इसकी सुविधा कोविन एप व आरोग्य सेतु के जरिये ऑनलाइन पंजीकरण करवाने पर मिल रही है। कोटेदारों से कहा गया है कि वह टीकाकरण के प्रति लोगों को जागरूक करने में अंग्रिम पंक्ति कार्यकर्ता आशा और आंगनबाड़ी से सूची प्राप्त कर मदद करें, जो लोग कोटे की दुकान पर आ रहे हैं उन्हें भी टीकाकरण के लिए प्रेरित करें और आवश्यकता पड़ने पर पंजीकरण में मदद करें।
जिला प्रतिरक्षण अधिकारी डॉ. नीरज कुमार पांडेय ने बताया कि यूनिसेफ के क्षेत्रीय समन्वयक मनोज कुमार श्रीवास्तव, डीएमसी नीलम यादव और गुलजार ने कोटेदारों को कोविड की रोकथाम में टीकाकरण की भूमिका के बारे में विस्तार से जानकारी दी है। इस मौके पर जिला स्वास्थ्य शिक्षा एवं सूचना अधिकारी केएन भी जुड़े रहे।