शहर के होटलों में शादी या अन्य गतिविधियों में 25 से कम लोगों की बाध्यता होने के बाद लोगों ने बची बुकिंग भी कैंसिल कर दी और अपने घर में ही शादी की तैयारी कर रहे हैं। या फिर आगे के लिए शादी टाल चुके हैं।
बिजली बिल में सरकार दिलाए छूट
शहर में होटलों और रेस्टोंरेंट में वाणिज्यिक श्रेणी के बिजली कनेक्शन लगे हैं। इनका सरचार्ज काफी अधिक होता है। होटल बंद होने के बाद भी इनका भुगतान महीने में करना होता है। इसके साथ ही बिजली बिल भी। इंडस्ट्री से जुड़े लोगों ने सरकार से अपील करते हुए कहा कि उन्हें बिजली बिल पर सरचार्ज में छूट देने के साथ बिल में भी छूट दी जाए। जिससे नुकसान को कुछ हद तक इंडस्ट्री से जुड़े लोग झेल सकें।
होटल एसोसिएशन के सचिव अचिंत्य लाहिणी ने कहा कि शहर के छोटे-बड़े सभी होटल-रेस्टोरेंट बंद हैं। शादियों की बुकिंग्स कैंसिल हो चुकी हैं। कारपोरेट बुकिंग का भी यही हाल है। लॉकडाउन से होटल इंडस्ट्री को बहुत नुकसान पहुंचा है। हजारों लोगों पर संकट है। इस नुकसान से उबरने में समय लगेगा।
रंगरेजा के निदेशक सुप्रिया द्विवेदी ने बताया कि जब से कोरोना महामारी का दौर शुरू हुआ है सबसे ज्यादा प्रभाव होटल इंडस्ट्रीज पर पड़ा है। कोरोना की जो दूसरी लहर में होटल व्यवसाय ठप पड़ गया है। लगभग सभी शादियों की तारीख आगे बढ़ गई है या कैंसिल कर दी है, जिससे होटल इंडस्ट्री को प्रतिदिन करोड़ों का नुकसान हो रहा है।