मंदिर में शादी के बाद जहरीला पदार्थ खाकर आत्महत्या करने की कोशिश का मामला
गुलरिहा। थानाक्षेत्र में मंदिर में शादी करने के बाद जहरीला पदार्थ खाकर बाएं हाथ की कलाई की नस काटकर आत्महत्या करने की कोशिश करने के मामले में प्रेमी युगल की हालत में सुधार हुआ है। मेडिकल कॉलेज में भर्ती युवक-युवती को शनिवार को डॉक्टरों ने खतरे से बाहर बताते हुए जनरल वार्ड में शिफ्ट कर दिया गया है। डॉक्टरों के अनुसार, अब उनकी हालत स्थिर है। पुलिस ने दोनों के बयान दर्ज कर लिए हैं। मेडिकल कॉलेज से छुट्टी मिलने के बाद दोनों परिवारों से बातचीत कर पुलिस आगे की कार्रवाई करेगी।
क्षेत्र की रहने वाली दसवीं की छात्रा का कॉलेज बस चालक से प्रेम संबंध हो गया था। जब युवक के परिवार को इस बात की जानकारी हुई तो उन्होंने उसकी सगाई कहीं और तय कर दी। शादी मार्च 2026 में होनी थी। प्रेमी की शादी तय होने से परेशान छात्रा बृहस्पतिवार शाम घर से लापता हो गई। रात करीब 11 बजे दोनों फुलवरिया स्थित एक मंदिर में पहुंचे और शादी कर ली। उन्होंने शादी का वीडियो बनाकर सोशल मीडिया पर भी वायरल कर दिया।
इस मामले में सीओ गोरखनाथ रवि सिंह ने बताया कि दोनों ने बैंगन के पौधों में डालने वाली कीटनाशक दवा पीकर बाएं हाथ की नस काट ली। रात करीब बारह बजे युवक के परिजन उन्हें रामपुर बुजुर्ग गांव के पास अचेत अवस्था में मिले, जिसके बाद उन्हें आनन-फानन में मेडिकल कॉलेज ले जाया गया। पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है।
छात्रा बोली- मैं अभिषेक के साथ रहना चाहती हूं
पुलिस के मुताबिक, छात्रा ने अपने बयान में बताया कि उसके पिता गुजरात की प्राइवेट कंपनी में नौकरी करते हैं। वह अपनी मां और भाई के साथ रहती है। अभिषेक उसी स्कूल में तीन साल से बस चालक है। उसी बस से घर आती-जाती थी। करीब दो साल पहले अभिषेक से उसकी बातचीत शुरू हुई। छात्रा रोज स्कूल जाते समय बस में अभिषेक की पास वाली सीट पर बैठती थी। दो साल तक दोनों के मुलाकात का सिलसिला चलता रहा। स्कूल के अधिकतर छात्र भी इनके संबंध के बारे में जान गए थे।
छात्रा ने बताया कि घरवालों को जब पता चला तो उन्होंने स्कूल जाना बंद करा दिया था, लेकिन वह अभिषेक के साथ रहना चाहती है। अभिषेक के परिवार वालों ने उसकी शादी तय कर दी थी, इसलिए हमने फैसला किया कि हम लोग साथ नहीं रह सकते, लेकिन साथ जान देने से कोई नहीं रोक सकता। परिवार वाले हमें अलग करना चाहते थे, इसलिए हमनें ये कदम उठा लिया था।
घरवालों के समझाने पर भी नहीं मानी छात्रा
छात्रा के मुताबिक, एक साल पहले घरवालों को भी इसकी जानकारी मिल गई। परिवार वालों ने उसे समझाया कि उसकी उम्र अभी बहुत कम है, उसे पढ़-लिखकर कुछ बनना चाहिए, लेकिन छात्रा को यह बात पसंद नहीं आई। वह हर हाल में बस चालक के साथ रहना चाहती थी। घरवालों ने दोनों पर पाबंदी लगानी शुरू कर दी। इस बीच बस चालक के घरवालों ने उसकी शादी तय कर दी। यह सुनकर छात्रा नाराज हो गई। चालक ने छात्रा से कहा था कि यह रिश्ता उसकी मर्जी से नहीं हुआ। इसके बाद दोनों ने साथ भागने का प्लान बनाया।
कोट
दोनों की हालत अब खतरे से बाहर है। आईसीयू से उन्हें जनरल वार्ड में शिफ्ट कर दिया गया है। उनके बयान भी दर्ज हो चुके हैं। परिजन अगर तहरीर देते हैं तो आगे की कार्रवाई की जाएगी।
- अभिनव त्यागी, एसपी सिटी