गोरखपुर। दीनदयाल उपाध्याय गोरखपुर विश्वविद्यालय की कुलपति प्रो. पूनम टंडन की अध्यक्षता में बुधवार को कमेटी हॉल में ऑनलाइन और दूरस्थ शिक्षा केंद्र की बैठक हुई। कुलपति ने कहा कि ऑनलाइन शिक्षा से आबादी के एक बड़े वर्ग जैसे कामकाजी व्यक्तियों, विकलांगों और अन्य लोगों को लाभ होगा, जो नियमित रूप से औपचारिक शिक्षा प्राप्त करने में असमर्थ हैं।
कहा कि ऑनलाइन शिक्षा सकल नामांकन अनुपात (ग्रॉस एनरोलमेंट रेशियो) को बढ़ावा देगी और इससे विश्वविद्यालय का राजस्व भी बढ़ेगा। उन्होंने पाठ्यक्रमों की डिजाइनिंग में विदेशी विषय विशेषज्ञों को शामिल करने की सलाह दी। बैठक में फैसला लिया गया कि संबंधित विभाग विश्वविद्यालय के मौजूदा पाठ्यक्रम के अनुसार अपनी पाठ्यक्रम सामग्री तैयार कर इसे विशेषज्ञों द्वारा समीक्षा के लिए जल्द से जल्द प्रस्तुत करें। बैठक में डीन प्रो. श्रीवर्धन पाठक, प्रो. सरिता पांडेय, निदेशक आईक्यूएसी प्रो. सुधीर श्रीवास्तव, ऑनलाइन एवं दूरस्थ शिक्षा केंद्र के प्रो. विजय चहल, डॉ. तूलिका मिश्रा और डॉ. स्वर्णिमा सिंह आदि मौजूद रहीं।