आईआरसीटीसी का आस्क दिशा 2.0 ने लांच किया एआई आधारित चैटबॉट
गोरखपुर। भारतीय रेलवे कैटरिंग एंड टूरिज्म कॉर्पोरेशन (आईआरसीटीसी) की वेबसाइट या एप से अब आप बोलकर भी टिकट बुक और रद्द कर सकते हैं। अब आपको आईआरसीटीसी आईडी का पासवर्ड याद रखने की भी जरूरत नहीं है।
आईआरसीटीसी ने यात्रियों की सुविधाओं को और बेहतर बनाने के लिए आस्क दिशा 2.0 लांच किया है। यह एआई आधारित चैटबॉट है। यह अब आवाज और चैट के जरिए टिकट बुकिंग, रद्द करने और रिफंड की स्थिति जांचने जैसे कामों को आसान बनाता है। इससे न केवल समय की बचत होगी और पासवर्ड याद रखने की झंझट भी खत्म हो गया है। यह सुविधा हिंदी, अंग्रेजी, हिंग्लिश और गुजराती में उपलब्ध है। इससे तकनीक में कम जानकार लोग भी आसानी से इसका इस्तेमाल कर सकते हैं। आईआरसीटीसी गोरखपुर के विकास कुमार ने बताया कि इस सुविधा से यात्रियों को काफी सहूलियत होगी।
आस्क दिशा 2.0 की खासियत
आवाज से बुकिंग, ओटीपी से लॉगिन, तेज रिफंड, बार-बार बुकिंग के लिए यात्री विवरण सहेजने की सुविधा। लेनदेन विफल होने पर 15 मिनट में तुरंत दोबारा कोशिश करने की सुविधा।
ऐसे करें बुकिंग
आरआईसीटीसी की वेबसाइट या एप खोलें और आस्क दिशा का विकल्प चुनें। ''''हैलो'''' या ''''टिकट बुक'''' बोलें या लिखें। यात्रा का स्टेशन, तारीख और श्रेणी बताएं। उपलब्ध ट्रेनों, समय और सीटों की सूची में से अपनी पसंद चुनें। ओटीपी से सत्यापन कर भुगतान पूरा करें।
ऐसे करें टिकट रद्द
वेबसाइट या एप पर आस्क दिशा खोलें। टिकट रद्द करें लिखें या बोलें। मोबाइल नंबर से लॉगिन करें। बुक किए गए टिकटों में से रद्द करने वाला टिकट चुनें। पुष्टि के बाद टिकट रद्द हो जाएगा और एसएमएस से जानकारी मिलेगी। इसी तरह रिफंड स्थिति भी जांचे। रिफंड की स्थिति तुरंत दिखाई देगी।
एआई आधारित बुकिंग के फायदे
आवाज से बुकिंग और रद्दीकरण से समय और मेहनत की बचत होती है। ओटीपी आधारित लॉगिन से पासवर्ड चोरी का खतरा कम रहता है। हिंदी और क्षेत्रीय भाषाओं में उपलब्ध, जिससे हर वर्ग के लिए उपयोगी है। रिफंड और बुकिंग प्रक्रिया पहले से तेज और सरल हुई है।