क्रिकेट कोच व खिलाड़ियों ने लगाया आरोप, जांच कराकर कार्रवाई की मांग
गोरखपुर। क्रिकेट कोच व खिलाड़ियों ने मंडल क्रिकेट एसाेसिएशन के अध्यक्ष पर प्रतियोगिता का फाइनल न कराने और पुरस्कार की धनराशि को हड़पने का आरोप लगाया है। आरोप लगाया कि एसोसिएशन के अध्यक्ष खिलाड़ियों के हित में कार्य नहीं कर रहे। गत चार माह पूर्व हुए इंटर क्लब क्रिकेट लीग, ए व बी डिविजन और यूपी टी-20 चैंपियनशिप जैसी प्रतियोगिताओं के विजेताओं को अब तक पुरस्कार वितरित न करना इसका प्रमाण है।
यह आरोप मंडल क्रिकेट एसोसिएशन के मीडिया प्रभारी दुर्गेश चौधरी व इंटर क्लब लीग के विजेता टीम के कोच नीरज यादव ने जर्नलिस्ट प्रेसक्लब में आयोजित पत्रकार वार्ता में लगाए। उन्होंने कहा कि यूपी टी-20 चैंपियनशिप में डाफाबेट कंपनी आई थी और सट्टेबाजी के कारण घाटा होने पर कंपनी बीच में ही टूर्नामेंट छोड़कर भाग गई। एसोसिएशन ने फिर उसी कंपनी को गोरखपुर प्रीमियर लीग में बुलाया है जो गंभीर बात है। पिछले टूर्नामेंट में सभी आठ टीमों ने एंट्री फीस के तौर 30-30 हजार रुपये दिए थे। प्रथम पुरस्कार विजेता को एक लाख व उप विजेता को 50 हजार रुपये के पुरस्कार की घोषणा हुई थी। लेकिन, न तो प्रतियोगिता पूरी हुई और न ही खिलाड़ियाें को पुरस्कार ही दिए गए। उन्होंने पूरे मामले की शिकायत उत्तर प्रदेश क्रिकेट एसोसिएशन से भी की है। उन्होंने इस मामले की जांच कराकर कार्रवाई की मांग की है।
इन आरोपों पर मंडल क्रिकेट एसोसिएशन के अध्यक्ष शफीक अहमद सिद्धीकी का कहना है कई प्रतियोगिताओं का पुरस्कार नहीं दिए जाने के आरोप निराधार हैं। इंटर क्लब क्रिकेट लीग प्रतियोगिता में अतिथियों का समय नहीं मिल सका, इसलिए पुरस्कार वितरण नहीं हो सका है।