गोरखपुर। विभिन्न प्रकार के शुल्क में भारी वृद्धि का छात्र संगठनों की तरफ से किए जा रहे विरोध का बड़ा असर हुआ है। अब दीनदयाल उपाध्याय गोरखपुर विश्वविद्यालय ने शुल्क वृद्धि में कटौती का निर्णय लिया है।
रविवार को कुलपति प्रो. पूनम टंडन की अध्यक्षता में आयोजित कार्य परिषद की बैठक में शुल्क वृद्धि में कटौती को मंजूरी मिल गई। इसका लाभ अब डीडीयू और कॉलेजों के लाखों छात्रों को मिलेगा। कार्य परिषद की बैठक में अन्य भी कई अहम निर्णय लिए गए हैं।
डीडीयू में विभिन्न प्रकार के शुल्क के पुनर्निधारण को लेकर एक समिति का गठन किया गया था। समिति ने फरवरी में विभिन्न शुल्क में वृद्धि की सिफारिश की थी। कार्य परिषद से मंजूरी के बाद मई महीने से यह लागू हो गया था। शुल्क में भारी वृद्धि के बाद से ही एबीवीपी समेत कई संगठनों ने विरोध शुरू कर दिया था। एबीवीपी ने ज्ञापन सौंपकर पुनर्विचार का आग्रह किया था। इसके बाद डीडीयू प्रशासन ने पुन: एक समिति गठित की थी। बढ़े हुए शुल्क में कटौती की समिति की सिफारिशों को रविवार को कार्य परिषद में रखा गया। अब छात्रों के पंजीकरण, परीक्षा फॉर्म, बैक पेपर, अंकपत्र, टीसी, माइग्रेशन एवं प्रोविजनल प्रमाण पत्र निकालने में कम शुल्क देना होगा।