गोरखपुर। करीब सवा सौ साल पहले बने कलक्ट्रेट भवन को ध्वस्त करने के बाद अब उसी स्थान पर मिनी सचिवालय बनाने के लिए शुरू हुआ काम रुक गया है। निर्माण कार्य में अब नया पेच फंस गया है। भवन निर्माण के लिए कुछ और भवन तोड़े जाने हैं, जहां अधिवक्ताओं के तख्त हैं। अधिवक्ता संघ ने हाईकोर्ट में याचिका दाखिल की है, जिस पर तोड़फोड़ पर रोक लगाते हुए न्यायालय ने कार्ययोजना तलब की है।
अगली सुनवाई 17 दिसंबर को होगी। उधर, कलेक्ट्रेट परिसर में सड़क को लेकर अब सर्वे किया जा रहा है। सभी सड़कें 40 फीट चौड़ी की जाएंगी। शासन के निर्देश पर सचिवालय की तर्ज पर नई इमारत का निर्माण किया जाना है। शासन ने इसके लिए बजट भी दे दिया है। योजना के मुताबिक डीएम और एसएसपी के लिए अलग-अलग दो ब्लॉक बनाए जाएंगे। ये ब्लॉक आपस में जुड़े होंगे और छह-छह मंजिल के होंगे। पहले चरण में दोनों ब्लॉक बनाए जाएंगे। पुराने भवन को गिराने के बाद निर्माण कार्य शुरू कराने के लिए भूमि पूजन करने के बाद कार्यदायी संस्था ने कुछ भवनों को तोड़ने की योजना बनाई, जो नए भवन के निर्माण की जद में आ रहे थे।
इसका अधिवक्ता विरोध करने लगे। उनका कहना है कि पहले भवन बनवाकर हमें जगह दी जाए, उसके बाद तोड़फोड़ हो। अधिवक्ता संघ ने इस मामले को लेकर हाईकोर्ट में याचिका दाखिल कर दी। संघ के मंत्री लालमन ने बताया कि स्टे देकर न्यायालय ने तोड़फोड़ पर रोक लगाई है। 17 दिसंबर को अगली सुनवाई होगी।
वर्जन
जिस जगह पर नए भवन का निर्माण होना है, उसके बेस में दो पुराने भवन पड़ रहे हैं। अधिवक्ताओं का कहना है कि उन्हें पहले शिफ्ट किया जाए फिर तोड़फोड़ हो। अधिवक्ताओं ने हाईकोर्ट में रिट दाखिल की है। उन्हें डिजिटल लाइब्रेरी में शिफ्ट किया जाएगा। जल्द ही इस मामले का हल निकल जाएगा।
-कृष्णा करुणेश, डीएम
आधुनिक सुविधाओं वाली इमारत में शिफ्ट होंगे 19 विभाग
छह मंजिला एक और ब्लॉक रजिस्ट्री दफ्तर के शिफ्ट होने के बाद बनेगा। कलेक्ट्रेट की नई इमारत आधुनिक सुविधाओं वाली होगी। शहर के विभिन्न क्षेत्रों में स्थित 19 विभागों के कार्यालय इन ब्लॉकों में शिफ्ट किए जाएंगे। कार्यदायी संस्था लोक निर्माण विभाग ने जो डीपीआर तैयार की है, उसके मुताबिक एक साथ 500 कार और 500 दो पहियावाहन पार्किंग की क्षमता इसमें होगी। भवन में 300 व्यक्ति की क्षमता वाला एक ऑडिटोरियम भी होगा। दोनों ब्लॉकों में कुल 14 लिफ्ट लगाए जाएंगे। भवन निर्माण में करीब 275 करोड़ की लागत आएगी।