गोरखपुर जिले के गोड़धोइया नाले के नए सिरे से पक्के निर्माण व सुंदरीकरण के प्रस्ताव की मंजूरी प्रक्रिया तेज हो गई है। नाले व उसके दोनों तरफ सड़क निर्माण पर 350 करोड़ रुपये खर्च होंगे। जमीन अधिग्रहण और उसके मुआवजे पर करीब 600 करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे। शासन ने 400 करोड़ रुपये देने का आश्वासन दिया है, बाकी धनराशि की व्यवस्था स्थानीय स्तर पर करनी होगी। हालांकि, अभी इसपर अंतिम निर्णय नहीं हो सका।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के निर्देश पर नाला निर्माण व सुंदरीकरण की कवायद तेज हो गई है। सोमवार को मुख्य सचिव दुर्गाशंकर मिश्र ने वीडियो कांफ्रेंसिंग के जरिए नाला निर्माण व उसकी तैयारियों की समीक्षा की। मुख्य सचिव को बताया गया कि 10 किलोमीटर लंबा नाला पक्का बनाया जाएगा। इसकी चौड़ाई 20 मीटर होगी। नाले के दोनों ओर 10-10 मीटर चौड़ी सड़क बनाने का प्रस्ताव है। 21 पुलिया बनाई जाएगी।
कमिश्नर रवि कुमार एनजी, डीएम कृष्णा करूणेश, नगर आयुक्त अविनाश सिंह, जीडीए सचिव उदय प्रताप सिंह, ज्वाइंट मजिस्ट्रेट सदर कुलदीप मीणा की मौजूदगी में नाला निर्माण व उससे जुड़ी तैयारी के एक-एक बिंदु पर चर्चा हुई है।
जीडीए नहीं करेगा आर्थिक सहयोग
बैठक के दौरान मुख्य सचिव ने पूछा कि जीडीए कितना योगदान कर सकता है। जीडीए से करीब 100 करोड़ रुपये के सहयोग की अपेक्षा जताई गई, लेकिन शाम तक हुए मंथन से यह बात साफ हो गई कि प्राधिकरण इस योजना में कोई आर्थिक सहयोग नहीं देगा। माना जा रहा है कि पूरे बजट की व्यवस्था शासन के स्तर से ही की जाएगी। फिलहाल, इस मुद्दे को लेकर भविष्य में और भी बैठकें होंगी। इसके बाद अंतिम निर्णय लिया जाएगा।