गोरखपुर। एम्स इलाके के कोनी में जमीन की प्लाटिंग कर उसे किश्तों में खरीदने (भुगतान करने) का लालच देकर दो फर्मों ने महादेव झारखंडी टुकड़ा नंबर एक, भैरोपुर के रहने वाले दीनदयाल समेत 23 लोगों से 56 लाख 63 हजार रुपये हड़प लिए। पीड़ितों ने शुक्रवार को पुलिस कार्यालय में जन सुनवाई कर रहे पुलिस अधीक्षक उत्तरी मनोज कुमार अवस्थी से न्याय की गुहार लगाई। एसपी नार्थ ने सीओ कैंट को जांच कर केस दर्ज करने का आदेश दिया है।
जानकारी के मुताबिक, दीनदयाल ने शुक्रवार को पुलिस अधीक्षक उत्तरी को प्रार्थनापत्र देकर बताया कि पीड़ितों को वर्ष 2019 में मालूम हुआ कि दो फर्में कोनी में जमीन की प्लाटिंग करके किस्त में बेंच रही हैं। जिसका मूल्य 399 रुपये प्रति वर्गफीट की दर से लगाया गया।
पीड़ितों ने जमीन खरीदने के लिए फर्मों के मालिक से संपर्क किया तो बताया गया कि फर्म के सहयोग के रूप में एक व्यक्ति कार्यरत है, जो महादेव झारखंडी टुकड़ा नंबर एक, वीर बहादुरपुरम काॅलोनी का निवासी है। जिसके बाद पीड़ितों ने उस व्यक्ति के जरिये जमीन खरीदने के लिए फर्म में रजिस्ट्रेशन करवाया।
पीड़ितों ने नियमानुसार फर्म के मालिक को 25 प्रतिशत नकद दिया साथ ही नियमित किस्त प्रतिमाह चेक व ऑनलाइन जमा करते रहे। फर्म द्वारा सभी को एग्रीमेंट पेपर व जमा रसीद दी गई। दीनदयाल ने बताया की धनराशि भी लगभग पूर्ण होने को है, लेकिन फर्म द्वारा अब तक प्लाटिंग करके जमीन पर कब्जा नहीं दिया गया।
किस्तों में जमा धनराशि वापस मांगने पर टाल-मटोल कर वापस न करने की धमकी दी जा रही है। फर्म का एक मालिक अपने कार्यालय से फरार रहता है। उनका कहना है कि फर्म ने केवल भैरोपुर के ही 23 लोगों के रुपये नहीं हड़पे हैं, बल्कि कई और को भी शिकार बनाया है।
इनसे ली गई है इतनी रकम
फर्म ने बबिता जायसवाल से 3,54,700, दीनदयाल से 3,87,250, राधिका देवी से 5,98,797, सीमा राकेश से 3,01,100, भीम कुमार से 3,55,000, किरण अर्जुन से 4,50,000, राज कुमार जायसवाल से 1,00,000, पंकज जायसवाल से 1,09,350, देवाशीष गुप्ता से 1,10,350, शिवम सिंह से 1,29,375, रविंद्र कुमार से 1,02,500, संदीप कुमार से 1,02,500, राजेंद्र प्रसाद से 1,28,900, रेनू जायसवाल से 2,04,500, वीरेंद्र से 1,02,500, कमला देवी से 1,87,750, अमरावती से 1,52,700, कुलवंती से 2,52,250, बबिता से 3,54,700, रेखा से 4,00,000, उषा गुप्ता से 2,53,000, विकास जायसवाल से 3,60,000 और रीता देवी से 1,60,000 रुपये सहित लगभग 55 लाख की ठगी की गई है।