गिरफ्तार सपा नेता विजेंद्र अग्रहरि।
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मतगणना से एक दिन पहले सरकारी वाहनों की चेकिंग करने के मामले में बृहस्पतिवार को पुलिस ने सपा के पूर्व पार्षद विजेंद्र अग्रहरि को गिरफ्तार कर लिया। दोपहर बाद पुलिस ने आरोपी को जेल भेज दिया है। सीसी टीवी कैमरे की फुटेज की मदद से आरोपी की पहचान कर पुलिस ने कार्रवाई की है। खबर है कि कई और सपाईयों की भी पुलिस ने पहचान कर ली है, जिनकी जल्द ही गिरफ्तारी की जाएगी।
जानकारी के मुताबिक, आरोपी विजेंद्र, बसंतपुर के निवासी है। इंस्पेक्टर कैंट शशिभूषण राय ने बताया कि गोरखपुर यूनिवर्सिटी में विधानसभा चुनाव 2022 की ईवीएम रखी गईं थीं। जिनकी सुरक्षा के लिए इनर कार्डेन पर अर्द्ध सैनिक बल के जवान और बाहर व गेट पर सिविल पुलिस की ड्यूटी लगी थी। मतगणना से एक दिन पूर्व 9 मार्च को 40 से 50 लोग गेट पर एकत्र हो गए और स्ट्रांग रूम में रखे ईवीएम को बदले जाने समेत अनेक प्रकार की अफवाह फैलाने लगे और नारेबाजी भी कर रहे थे।
इन लोगों ने सरकारी काम से जा रही गाड़ियों एवं प्राइवेट गाड़ियों को रोककर चेक किया। आरोप है कि वहां पर मौजूद पुलिस वालों से दुर्व्यवहार कर सरकारी काम में बाधित किया। हंगामा को पुलिस वालों ने संभाला था। इंस्पेक्टर ने बताया कि इस मामले में कैंट थाने में सरकारी काम में बाधा डालने, बल प्रयोग करने, दो समुदाय के बीच घृणा पैदा करने की कोशिश करना, गलत काम करना, महामारी एक्ट उल्लंघन, 7 सीएलए की धाराओं में केस दर्ज है।
सपा जिलाध्यक्ष अवधेश यादव ने कहा कि विजेंद्र अग्रहरि सपा से पूर्व पार्षद रहे हैं। पुलिस-प्रशासन पार्टी कार्यकर्ताओं का उत्पीड़न कर रही है। पुलिस को जांच करने के बाद कार्रवाई करनी चाहिए। बिना जांच ही कार्रवाई की जा रही है।