सराय एक्ट में पंजीकरण के लिए होटल, लॉज व मैरेज हाउस संचालक को अग्निशमन विभाग, पर्यावरण विभाग, बिजली विभाग और जीडीए से अनापत्ति प्रमाणपत्र लेना होता है। इसके साथ ही संचालक को वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक से चरित्र प्रमाणपत्र लेना होता है। इन सभी दस्तावेज के बाद ही सराय एक्ट में पंजीकरण पर्यटन विभाग में होता है।
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विनियम-2023 को मिली है स्वीकृति
विगत दिनों सराय अधिनियम 1867 की धारा 13 के तहत राज्य सरकार की विनियम बनाने की शक्ति का प्रयोग करते हुए यूपी कैबिनेट ने उप्र होटल व अन्य पूरक आवास (नियंत्रण) विनियम-2023 को स्वीकृति दी है, जिसके बाद अब बिना पंजीकरण के संचालित ऐसे भवनों पर शिकंजा कसा जाएगा।
विनियम में अनिवार्य आवश्यकताओं का प्रावधान भी किया गया है, जिसके तहत होटल के मुख्य प्रवेश द्वार पर पंजीकरण प्रमाणपत्र प्रदर्शित करना होगा। इसके साथ ही विनियम के उल्लंघन पर अर्थदंड तो उतना ही लगेगा, लेकिन तीन बार नियमों का उल्लंघन करने पर संबंधित इकाई का पंजीकरण प्रमाणपत्र निरस्त हो जाएगा।