इस निर्णय के खिलाफ प्रो. गुप्ता हाईकोर्ट गए। हाईकोर्ट में दोनों पक्षों को सुनने के बाद उनके निलंबन को अवैध ठहराते हुए बहाल करने का आदेश दिया है।विश्वविद्यालय में कुलपति बदलने के बाद माहौल बदला है। उनके निलंबन का मामला हाईकोर्ट में लंबित होने पर निर्णय का इंतजार किया जा रहा था। अब बहाली का आदेश आने पर उसे कार्य परिषद की बैठक को बुलाकर रखा जाएगा। कार्य परिषद से उनके बहाली पर निर्णय लिया जाएगा।
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हिंदी विभाग के अध्यक्ष पद को लेकर होती रही चर्चा
हाईकोर्ट से प्रो. कमलेश गुप्ता के बहाली आदेश के बाद हिंदी विभाग के अध्यक्ष पद को लेकर बुधवार को दिन में कैंपस में चर्चा होती रही। हिंदी विभाग में वरिष्ठता क्रम में आधार पर प्रो. कमलेश गुप्ता को अध्यक्ष होना चाहिए था लेकिन उनके निलंबित होने पर प्रो. दीपक त्यागी को अध्यक्ष बनाया गया।