रात ड्यूटी के दौरान सोने वाले रेलकर्मियों और उनके पर्यवेक्षकों के खिलाफ अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाएगी। वरिष्ठ मंडल परिचालन प्रबंधक वाराणसी ने सभी यातायात निरीक्षकों को पत्र लिखकर इस संबंध में सख्त निर्देश दिए हैं। दरअसल, रेलवे स्टेशनों पर रात ड्यूटी के दौरान अधिकतर रेलकर्मी सो जाते हैं। इससे ट्रेनों के संचालन में दिक्कतें आती हैं।
गोपनीय निरीक्षण में यह जानकारी सामने आई है कि पूर्वोत्तर रेलवे के 50 से ज्यादा रेलवे स्टेशनों पर नाइट ड्यूटी करने वाले ज्यादातर कर्मचारी सो जाते हैं। कई कर्मचारियों के मोबाइल भी बंद मिलते हैं। जरूरत पर अन्य कर्मियों की मदद से उन्हें खोजना पड़ता है। ऐसे रेलकर्मियों की सूची भी तैयार की गई है। यह समस्या इस लिहाज से बेहद गंभीर है, क्योंकि ये कर्मचारी परिचालन विभाग से संबंधित हैं। मामला संज्ञान में आने पर रेल प्रशासन ने इसे गंभीरता से लिया है।
वरिष्ठ मंडल परिचालन प्रबंधक वाराणसी ने 11 अक्तूबर 2021 को पत्र लिखकर समस्त यातायात निरीक्षकों को निर्देश दिया है कि अधीन कार्यरत कर्मचारियों को ड्यूटी के दौरान मुस्तैद रहने के लिए काउंसिलिंग करें। अगर इसके बाद भी कर्मचारी सोते पाए गए तो उनके साथ ही संबंधित पर्यवेक्षक के खिलाफ भी अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाएगी।