गोरखपुर जिले के कोतवाली इलाके में लच्छीपुर निवासी दीनानाथ यादव की मौत जहर खिलाने से हुई थी।फॉरेंसिक रिपोर्ट में पुष्टि होने के बाद पुलिस ने आरोपी राजेश गौड़ निवासी हजारीपुर को गिरफ्तार कर जेल भिजवा दिया है। आरोप है कि राजेश ने हड़पे गए रुपये को वापस करने के बहाने बुलाकर वारदात को अंजाम दिया था।
आरोपी के खिलाफ कोतवाली पुलिस ने बीते 28 फरवरी को केस दर्ज किया था। पुलिस के मुताबिक, लच्छीपुर निवासी दीनानाथ यादव से राजेश की पुरानी जान-पहचान थी। सरकार की डेयरी ऋण योजना के तहत उसको लाभ दिलाने का वायदा करके राजेश ने खर्च के नाम पर छह महीने पहले 2.60 लाख रुपये वसूल लिए। वह न ऋण ही स्वीकृत करा पाया और न ही लिए गए रुपये वापस कर रहा था।
दीनानाथ के बेटे राहुल ने बताया कि 28 फरवरी को राजेश ने अपने घर पर पिता दीनानाथ को रुपये वापस करने के लिए बुलाया था। वहां पर खाने-पीने के सामान में धोखे से जहर मिला दिया था, जिससे उनकी तबीयत खराब हो गई। अस्पताल में इलाज के दौरान मौत हो गई।
पोस्टमार्टम के बाद विसरा को विधि विज्ञान प्रयोगशाला रामनगर वाराणसी भेजा गया था, जहां पर जहर की पुष्टि हुई। एसपी सिटी कृष्ण कुमार बिश्नोई ने बताया कि प्रयोगशाला की जांच में जहर की पुष्टि के बाद प्रभारी निरीक्षक कोतवाली रणधीर मिश्रा की टीम ने आरोपी को गिरफ्तार कर लिया।