कीचड़ से थमी रफ्तार, डायवर्जन से दूरी बढ़ी और तीन घंटे लग रहा ज्यादा समय
काठमांडू। नेपाल में भारी बारिश और बाढ़ के बाद काठमांडो से सोनौली बॉर्डर के बीच सफर मुश्किल हो गया है। नारायणघाट-बुटवल सड़क खंड पर कई जगह सड़क धंसने और अस्थायी डायवर्जन बहने से यातायात प्रभावित हुआ है। थुम्सी और बिनाई नदी के आसपास की सड़क बाढ़ की चपेट में आ गए थे। प्रशासन ने नए डायवर्जन तैयार कर कई स्थानों पर रास्ता खोल दिया है, लेकिन बारिश ने यात्रियों की परेशानी अभी कम नहीं होने दी है।
करीब 113 किलोमीटर लंबे इस सड़क खंड को फोरलेन में बदलने का काम लगभग 92 फीसदी पूरा हो चुका है। निर्माण पूरा होने के बाद काठमांडो से सोनौली की यात्रा का समय काफी कम होने की उम्मीद है। लेकिन अभी रूट बदलने से तीन से चार घंटे ज्यादा समय लग रहा है। नया रास्ता पतला होने से जाम लग जा रहा है। जगह जगह यातायात पुलिस तैनात की गई है। सबसे ज्यादा दिक्कत दाउन्ने पहाड़ी क्षेत्र में है। यहां अभी कुछ किलोमीटर सड़क का काम अधूरा है।
बारिश के कारण दाउन्ने में बने कच्चे रास्तों पर भारी कीचड़ और फिसलन हो गई है। इससे बड़े वाहनों की रफ्तार धीमी हो रही है और कई जगह वाहनों की लंबी कतार लग रही है। सड़क धंसने और डायवर्जन पर पानी व मलबा आने से दूरी और यात्रा समय दोनों बढ़ गए हैं। स्थानीय प्रशासन और निर्माण एजेंसियां क्षतिग्रस्त हिस्सों को दुरुस्त करने तथा यातायात सुचारु रखने में जुटी हैं। हालांकि, मौसम साफ नहीं होने तक इस मार्ग पर सफर करने वालों को जाम, कीचड़ और अचानक बाधित होने वाले रास्तों के कारण अतिरिक्त समय लेकर चलने की सलाह दी जा रही है।