गोरखपुर जिले के गगहा इलाके के सखरूआ गांव में स्थित जिला पंचायत सदस्य व भाजपा नेता माया शंकर शुक्ला के ईंट भट्ठे से पुलिस ने 70 लीटर कच्ची शराब, तीन क्विंटल लहन व शराब बनाने के अन्य सामान के साथ पांच लोगों को गिरफ्तार कर लिया।
भट्ठे पर पुलिस की कार्रवाई क्षेत्र में चर्चा का विषय भी बन गई है। उधर, माया शंकर ने भट्ठा चलाए जाने से इंकार कर दिया। उनका कहना है कि भट्टा का मालिकाना हक उनका नहीं है। बताया जा रहा है कि भट्ठा अब उनके परिवार के किसी अन्य सदस्य के नाम पर है।
गगहा थानेदार जगत नारायण सिंह ने बताया कि एसएसपी डॉ. सुनील कुमार गुप्ता के आदेश पर कच्ची शराब के खिलाफ अभियान चलाया जा रहा है। इस दौरान ही रविवार को मुखबिर से ईंट भट्ठे पर कच्ची शराब बनाए जाने की सूचना मिली थी। इस सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंची तो वहां पर बड़ी मात्रा में शराब बनाई जा रही थी।
पुलिस को देखते ही वहां भगदड़ मच गई। पुलिस ने घेराबंदी कर पांच लोगों को दबोच लिया। वहां पर कई दिनों से कच्ची शराब बनाई जा रही थी। पुलिस ने गिरफ्तार किए गए पांचों आरोपितों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पुलिस ईंट भट्ठा मालिक के लाइसेंस की जांच कर उसे भी मुकदमा में आरोपित बनाने की तैयारी में है।
इनकी हुई है गिरफ्तारी
झारखंड निवासी सोमरा उरांव, कलुआ उरांव, विदेशर यादव, बलेश्वर उरांव, कर्मा उरांव।
ईंट भट्ठा माया शंकर शुक्ला के नाम से जाना जाता है। पुलिस ने वहां से शराब, लहन बरामद किया है। इस वजह से गिरफ्तारी के स्थान मेेें उनके नाम का जिक्र किया गया है। हो सकता है उनके परिवार में किसी अन्य के नाम से भट्ठा हो। लाइसेंस की जांच कर आगे की कार्रवाई की जाएगी। - जगत नारायण सिंह, एसओ, गगहा
ईंट भट्ठे से मेरा कोई लेना देना नहीं है। करीब पांच साल पहले एक साल के लिए मैंने भट्ठा चलाया था । अब मेरा मालिकाना हक भी नहीं है। पुलिस ने कैसे नाम डाल दिया, यह हैरान करने वाला है। पुलिस को पूरे मामले की जांच करनी चाहिए। - माया शंकर शुक्ला, जिला पंचायत सदस्य व भाजपा नेता