कोविड टीकाकरण अभियान के बीच विदेश यात्रा की तैयारी कर रहे ऐसे लोग जिन्होंने कोवैक्सीन लगवाई है, की मुसीबत बढ़ गई है। कारण, कई देशों ने अभी कोवैक्सीन को मान्यता नहीं दी है। ऐसे में विभाग के पास रोज तीन से चार लोग इस तरह की शिकायतें लेकर पहुंच रहे हैं। लेकिन विभाग फिलहाल समस्या का समाधान नहीं कर पा रहा है।
केस-एक
साहबगंज के मुजीब ने 15 जून को जिला अस्पताल के संक्रामक रोग विभाग में कोवैक्सीन की पहली डोज लगवाई। 28 दिन बाद 13 जुलाई को उन्हें दूसरी डोज लगनी है। लेकिन इस बीच सऊदी से उनका वीजा आ गया। इसमें कोविशील्ड वैक्सीन की दोनों डोज लगवाने के बाद आने की बात कही गई है। अब मुजीब परेशान हैं।
केस-दो
राजेंद्र नगर के राकेश सिंह कतर में प्राइवेट कंपनी में काम करते हैं। पिछले महीने उन्होंने कोवैक्सीन का टीका लगवाया। इस बीच कंपनी से कॉल आई और टीके की दोनों डोज लगवाकर आने के लिए कहा गया। बताया गया कि कोवैक्सीन कतर में मान्य नहीं है। ऐसे में कोविशील्ड लगवाकर आएं। अब वह परेशान हैं।