कार्यक्रम की अध्यक्षता को लेकर चर्चा है कि राज्यपाल आनंदीबेन पटेल ऑनलाइन जुड़ सकती हैं। दीक्षांत समारोह में विश्वविद्यालय से संबंधित महाविद्यालयों को जूम लिंक भेज दिया गया है। इस लिंक से महाविद्यालय के विद्यार्थी तथा शिक्षक दीक्षा समारोह में प्रतिभाग कर सकेंगे।
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गोल्ड मेडल में छात्राओं ने मारी बाजी
कुलपति प्रो. सिंह ने बताया कि वर्ष 2022 के कुल 46 स्वर्ण पदकों में 38 (82.60 प्रतिशत) छात्राओं को प्राप्त हुआ है। वहीं, डोनर पदकों में 86.41 प्रतिशत छात्राओं को स्वर्ण पदक मिल रहा है। सत्र 2022 में विश्वविद्यालय स्नातक तथा परास्नातक पाठ्यक्रमों में 82831 डिग्रियां दी जाएंगी।
इसमें 64.79 प्रतिशत छात्राएं हैं। कुल प्रदान की जाने वाली डिग्रियों में विश्वविद्यालय के 7908 तथा महाविद्यालय के 74923 विद्यार्थी शामिल हैं। विश्वविद्यालय द्वारा 41वें दीक्षांत समारोह के लिए जारी लोगो पर नैक मूल्यांकन में ए प्लस प्लस की छाप है।
कुलपति प्रो. राजेश सिंह के नेतृत्व में दीक्षा भवन में आयोजित होने वाले दीक्षांत समारोह का पूर्वाभ्यास किया गया। आचार्यों, विद्या परिषद तथा कार्य परिषद सदस्यों की विद्वत पदयात्रा भी आयोजित की गई। मुख्य अतिथि की भूमिका में प्रो. संजय बैजल तथा विशिष्ट अतिथि की भूमिका में प्रो. विनीता पाठक रहीं। सभी स्वर्ण पदक विजेता को पदक प्राप्त करने का पूर्वाभ्यास भी कराया गया।
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उच्च शिक्षा मंत्री का घेराव करेगा एबीवीपी
अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (एबीवीपी) ने बुधवार की सुबह नौ बजे उच्च शिक्षा मंत्री के घेराव करने का निर्णय लिया है। परिषद के गोरक्ष प्रांत के मीडिया संयोजक अनुराग मिश्र ने विज्ञप्ति जारी कर बताया कि गोरखपुर विश्वविद्यालय में व्याप्त अनियमितता सहित समूचे प्रदेश के विश्वविद्यालयों में उत्पन्न हुई शैक्षिक समस्याओं को लेकर घेराव किया जाएगा।
कार्य परिषद सदस्य करेंगे समारोह का बहिष्कार
गोविवि के कार्य परिषद सदस्य एवं गुआक्टा के महामंत्री प्रो. धीरेंद्र सिंह ने 41वें दीक्षांत समारोह के बहिष्कार की घोषणा की है। उन्होंने विश्वविद्यालय प्रशासन पर महाविद्यालयों से विभिन्न कार्यक्रमों के नाम पर धनउगाही का आरोप लगाया है। कहा कि संगोष्ठी और कभी दीक्षांत समारोह पर पत्रिका निकालने की आड़ में विज्ञापन के नाम पर महाविद्यालयों से पैसे लिए जा रहे हैं।