सीएम योगी ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की आत्मनिर्भर भारत की परिकल्पना को साकार करने के लिए प्रदेश सरकार ने फरवरी 2018 में एक जिला एक उत्पाद (ओडीओपी) योजना की शुरुआत की। कोविड काल मे अकेले रेडीमेड गारमेंट्स सेक्टर में कार्यरत 10000 प्रवासी कामगार गोरखपुर लौटे। टेराकोटा के बाद रेडीमेड गारमेंट्स को हमनें ओडीओपी में शामिल किया है, इससे प्रवासी कारीगरों को गोरखपुर में ही काम मिलेगा। उद्यमी रुचि ले रहे हैं और प्रशासन भी आगे आया है। उन्होंने कहा कि आत्मनिर्भर पैकेज में एमएसएमई को आसानी से लोन मिले, इसके लिए अधिकारियों को व्यापक दिशानिर्देश जारी किए गए हैं। परम्परागत उद्यम को प्रोत्साहन के लिए कई योजनाएं चलाई गई हैं। उन्होंने कहा कि चार सालों में हमनें बाजार की संभावनाओं को टटोला है और उसी के अनुरूप कार्ययोजना बनाई जा रही है।
मुख्यमंत्री ने उद्यमियों को गुणवत्ता पर ध्यान देने और प्रशिक्षण से जुड़े रहने की सीख दी। उन्होंने सेना के जवानों से जुड़ी उक्ति, " प्रशिक्षण में जितना पसीना बहाएंगे, युद्ध में उतना कम खून बहाना पड़ेगा" का उल्लेख करते हुए कहा कि हमें बाजार की आवश्यकता के अनुरूप खुद को तैयार रखना होगा।
उन्होंने इस बात पर प्रसन्नता जताई कि केंद्रीय वस्त्र मंत्रालय की संस्था निट्रा ने यहां उद्यमियों को प्रशिक्षित किया है। उन्होंने कहा कि यहां मैनपावर सस्ता है और प्रशिक्षण के जरिये हम संभावनाओं का फायदा उठा सकते हैं। उन्होंने आवश्यकता अनुरूप प्रशिक्षण संस्थानों पर भी जोर दिया।
बाहर से आ रही आपूर्ति को भी यहीं के उत्पादन से कर सकते हैं पूरा
मुख्यमंत्री ने कहा कि अभी गोरखपुर में 500 करोड़ रुपये के रेडीमेड गारमेंट्स की खपत यहीं तैयार कपड़ों से हो रही है। 2000 करोड़ की आपूर्ति यहां बाहर से ही रही है। उद्यमी आने वाले दिनों में इन 2000 करोड़ रुपये का मार्केट भी यहीं के कपड़ो से अपने कब्जे में ले सकता है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि रेडीमेड गारमेंट्स कारोबार महिलाओं के स्वावलंबन का आधार बन सकता है। इस अवसर पर उन्होंने 2016 में भीटी खोरिया में लक्ष्मी शास्त्री की यूनिट के भ्रमण के उल्लेख करते हुए उन्होंने बताया कि वहां 25 महिलाओं को रोजगार का मंच मिला था। कहा कि हम बालिका को लक्ष्य रूप में देखते हैं, स्वावलंबी महिला इसका जीता जागता उदाहरण है। सीएम ने कहा कि गोरखपुर की 55 लाख की आबादी में 25 लाख महिलाएं होंगी। मंच मिले तो यह खुद स्वावलंबी होकर गोरखपुर को रेडीमेड गारमेंट्स का हब बना सकती हैं।
हर स्टाल पर गए सीएम योगी, आगे बढ़ने को किया प्रेरित
मुख्यमंत्री प्रदर्शनी मैदान में हर स्टालनोर पहुंचे और उद्यमियों से बात कर उन्हें अपने क्षेत्र में आगे बढ़ने को प्रेरित किया। सहकार भारती के स्टाल पर अपनी मां के साथ मौजूद आराध्या नाम की छोटी बच्ची को उन्होंने दुलार किया और माथे पर हाथ रख खूब पढ़ने का आशीर्वाद दिया। इस दौरान उन्होंने एक प्रशिक्षण संस्था की बालिकाओं से उन्हें बाजार के अनुरूप डिजाइन बनाने की सलाह दी। इन बालिकाओं के अनुरोध पर सीएम ने उनके साथ फोटो भी खिंचवाई।
कार्यक्रम में सीएम का स्वागत मंडलायुक्त जयंत नार्लिकर, आभार ज्ञापन चैंबर ऑफ इंडस्ट्रीज के अध्यक्ष विष्णु प्रसाद अजितसरिया व संचालन पूर्व अध्यक्ष एसके अग्रवाल ने किया। मुख्यमंत्री ने आयोजन में सराहनीय योगदान के लिए उद्यमी रमाशंकर शुक्ल को सम्मानित भी किया। इस अवसर पर सांसद रविकिशन शुक्ल, महापौर सीताराम जायसवाल, उद्योग उपायुक्त रवि शर्मा, लघु उद्योग भारती के जिलाध्यक्ष दीपक कारीवाल, चैंबर ऑफ इंडस्ट्रीज के सचिव प्रवीण मोदी, उपाध्यक्ष आरएन सिंह, उद्यमी सनूप साहू, मीनाक्षी राय, वर्षा श्रीवास्तव, मधु, इश्तियाक अहमद आदि उपस्थित रहे।