गोरखपुर। बेतियाहाता मोहल्ले में बेतिया एस्टेट की कुछ और जमीनों के साक्ष्य मिले हैं। अभी तीन एकड़ से ज्यादा जमीन का रिकॉर्ड मिला है और तेल गड़हिया की जमीन भी बेतिया एस्टेट की बताई जा रही है। फिलहाल बिहार सरकार से नियुक्त किए गए प्रशासक बद्री प्रसाद गुप्त ने इसकी पैमाइश के लिए राजस्वकर्मी उपलब्ध कराने के लिए प्रशासन के पास आवेदन किया है।
वर्ष 2017-18 के सर्वेक्षण में बेतियाहाता मोहल्ले में बेतिया एस्टेट की 50.92 एकड़ जमीन मिली थी। इसमें तीन गाटा नंबर की पैमाइश में पांच एकड़ जमीन पर कब्जा मिला था जबकि कुछ जमीनों पर सरकारी आवास, स्कूल, पानी की टंकी, आवास विकास की कॉलोनी, सड़क और नाला बन गया है। अभिलेखागार से 1368 फसली के अभिलेखों के सत्यापन में तीन से चार एकड़ जमीन और मिली है जबकि करीब दो एकड़ जमीन पर तेल गड़हिया नाम से एक पोखरा था जिसे पाटकर अब मकान और दुकानें बन गई हैं। फिलहाल बेतिया एस्टेट का दावा है यह जमीन उनकी है लेकिन पैमाइश के बाद ही तस्वीर साफ हो गाएगी। बिहार सरकार के प्रशासक ने अब 54.07 एकड़ जमीन की रिपोर्ट बिहार सरकार को भेज दी है।
बिहार सरकार के सहायक बंदोबस्त अधिकारी बद्री प्रसाद गुप्ता का कहना है कि पैमाइश के लिए जिला प्रशासन को पत्र लिखा गया है। कुछ और जमीनों का रिकॉर्ड मिला है। पैमाइश होने के बाद बेतिया एस्टेट की जमीन का रकबा बढ़ सकता है।