5 अगस्त 2018 को हुए देवरिया कांड की जांच करने सीबीआई की टीम शुक्रवार को देवरिया आई। टीम ने एसपी से जरूरी कागजात और अन्य सहयोग मांगा।
मां विंध्यवासिनी महिला प्रशिक्षण एवं सेवा संस्थान की ओर से स्टेशन रोड पर बाल गृह बालिका संचालित थी। रोक के बाद भी जिले के सभी थानों से लड़कियों को यहां रखा गया।
5 अगस्त को एक लड़की ने भागकर उस समय के एसपी रोहन पी कनय को बताया था कि यहां गलत कार्य होता है। इस पर विश्वास कर उन्होंने रात में छापेमारी किया था। संस्था की संचालिका गिरजा त्रिपाठी उनके पति मोहन त्रिपाठी को गिरफ्तार भी कर लिया था।
24 लड़कियों को बरामद किया गया था। आवश्यक कार्रवाई कर जेल भेज दिया गया, मामला प्रदेश स्तर पर तूल पकड़ा तो सरकार ने सीबीआई जांच की सिफारिश कर दी। इस बीच में मामले की जांच एसआईटी ने की थी।
जांच रिपोर्ट कोर्ट को प्रेषित कर दी गई थी। 1 साल से मामले की जांच सीबीआई कर रही है। कई बार की जांच में सीबीआई कागजात और अन्य प्रमाण एकत्र की। शुक्रवार को सीबीआई टीम जांच को आगे बढ़ाने के लिए फिर जिले में आई है।