ग्रामीणों के मुताबिक, बुधवार मध्य रात्रि में दो पिकअप से लगभग 10 तस्कर आए और गोशाला से पशुओं को पिकअप पर लादकर उठा ले गए। रात में चौकीदार छेदीलाल ड्यूटी में थे, लेकिन उन्हें भनक नहीं लगी। गोवंश केंद्र में पशुओं की संख्या कम होने पर चौकीदार ने प्रधान रामानंद निषाद को घटना की जानकारी दी। प्रधान की सूचना पर आई पुलिस जांच कर रही है।
ग्राम सचिव अभय कुमार ने कहा कि केयर टेकर की जिम्मेदार होती है कि वह पशुओं की सुरक्षा करे। वहां दो चौकीदार रखे गए हैं जो पशुओं की सुरक्षा करते हैं। पशुओं के गायब होने की सूचना पुलिस को दे दी गई है।
1,585 पशु तस्करों की खोली फाइल, 500 से अधिक को जेल
मुख्यमंत्री के आदेश पर प्रदेश भर में पशु तस्करों को रोकने का अभियान चलाया गया गया। गोरखपुर रेंज में पुलिस ने गैंगस्टर के तहत कार्रवाई की। पशु तस्करों को मुठभेड़ में गोली लगी। आईजी के आदेश पर मंडल में पांच सालों में सामने आए 1,585 पशु तस्करों की कुंडली पुलिस ने फिर से खंगाली तो 500 से अधिक आरोपी फिर भेजे गए। कार्रवाई के दौरान 18 पशु तस्कर पुलिस की गोली से घायल होकर जेल गए तो वहीं, 185 पिकअप वाहनों को सीज किया गया। लेकिन, जिले में एक बार फिर पशु तस्करी से कानूनी व्यवस्था पर सवाल उठ गया।
पहले हुई घटनाएं
- अप्रैल 2022: पिपराइच के रसूलपुर में ईंट-भट्ठे पर ढुलाई का ठेका लेकर मथुरा का मोहन पशु तस्करी कर रहा था। उसे ग्रामीणों ने पकड़ा था। एक आरोपी रामजन चौरसिया जेल गया।
- 29 दिसंबर 2022: खजनी इलाके के महआडाबर में पशु तस्करों ने पुलिस पर पथराव किया।
- 16 अप्रैल 2022: सोनबरसा में पशु तस्करों से पुलिस की मुठभेड़ हुई। पुलिस की गोली से जौनपुर निवासी इमरान घायल हुआ था और उसके पास से 30 पशु मिले थे।
- 03 सितंबर 2022: एसपी नार्थ की गाड़ी पर पशु तस्करों ने टक्कर मारी थी। तस्कर बाद में दबोचे गए।