अतिक्रमण के खिलाफ चल रहे अभियान के क्रम में बुधवार को जिला प्रशासन, नगर निगम और यातायात विभाग की टीम ने रेलवे और बस स्टेशन रोड पर 30 से अधिक अस्थायी निर्माण ध्वस्त कराया। चेताया गया कि दोबारा अतिक्रमण होने पर एफआईआर दर्ज होगी। इस दौरान 12 हजार रुपये जुर्माना भी वसूला गया।
सिटी मजिस्ट्रेट अभिनव रंजन श्रीवास्तव और नगर निगम के प्रवर्तन टीम प्रभारी सीपी सिंह के नेतृत्व में दिन में 11 बजे अतिक्रमण हटाने का काम शुरू हुआ। जैसे ही टीम पहुंची, अतिक्रमण करने वालों में खलबली मच गई। कई दुकानदार खुद ही अपना अतिक्रमण हटाने लगे।
वहीं सोनौली जाने वाली टैक्सी से लगने वाला जाम भी बुधवार को नहीं दिखाई पड़ा। सिटी मजिस्ट्रेट ने टैक्सी वालों को चेतावनी दी कि रेलवे स्टेशन रोड या उसके आसपास गाड़ियां पार्क की तो उनपर कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने इस संबंध में मोबाइल फोन पर आरटीओ से भी संवाद किया और अभियान चलाकर अवैध तरीके से टैक्सी संचालित करने वालों पर कार्रवाई के लिए कहा।
टीम ने यातायात तिराहे से रेलवे स्टेशन और फिर रेलवे स्टेशन से बस स्टेशन तक नाले के ऊपर दुकान लगाने वालों को सख्त चेतावनी दी। कुछ ठेले वालों ने बताया कि नालों के स्लैब पर ठेले लगाने के लिए वे दुकानदारों को रोज किराया देते हैं। इसके बाद टीम ने दुकानदारों को भी चेतावनी दी। कुछ होटल वालों ने नाले के ऊपर तक अतिक्रमण कर लिया था, जिन्हें हटाने का निर्देश दिया गया।
टीम ने बस चालकों को निर्देशित किया कि परिसर के भीतर ही बसों को खड़ी कर यात्री बैठाएं। प्रवर्तन टीम के प्रभारी सीपी सिंह ने बताया कि अभियान के दौरान 12 हजार से अधिक का जुर्माना भी वसूला गया। इस दौरान कर अधीक्षक बीके लाल साहब, आरआई राम सुचित, टीआई मनोज कुमार आदि उपस्थित रहें।