- आबकारी विभाग ने शुरू की तैयारी, 40 दुकानों को किया चिह्नित
गोरखपुर। आबकारी विभाग अंग्रेजी शराब और बीयर की एक साथ बिक्री के लिए कंपोजिट दुकान के सफल प्रयोग के बाद ग्रामीण इलाकों में देसी शराब की दुकानों पर बीयर की बिक्री की तैयारी कर रहा है। आबकारी विभाग ने देसी शराब की ऐसी 40 दुकानों को चिह्नित किया है, जिसके तीन किलोमीटर दायरे में कोई कंपोजिट या मॉडल शॉप नहीं है। ऐसे में 47 हजार रुपये लाइसेंस शुल्क लेकर विभाग देसी के दुकानदारों को बीयर बिक्री की छूट देगा।
जिले में कंपोजिट, देसी, मॉडल शाप की कुल 580 दुकानों का व्यवस्थापन हो गया है। बीयर खरीदने के लिए लोगों को लंबी दूरी नहीं तय करनी पड़े इसके लिए विभाग देसी की दुकानों पर ही इसका इंतजाम कर रहा है। सिर्फ शर्त यह रखी गई है कि देसी शराब की दुकान के तीन किलोमीटर के दायरे में कोई कंपोजिट और मॉडल शाॅप नहीं होनी चाहिए। विभाग ने सर्वे के बाद 40 दुकानों को चिह्नित किया है। सभी दुकानें ग्रामीण इलाके में है। आबकारी विभाग ने इन दुकानों के अनुज्ञापियों से औपचारिकता पूरी कर बीयर बिक्री का अधिकार हासिल करने का ऑफर दिया है। अधिकार हासिल करने के लिए अनुज्ञापी को 40 हजार रुपये लाइसेंस शुल्क और 5000 रुपये प्रतिभूति राशि जमा करनी होगी। इसके साथ ही दुकानदारों को साल में 6,95,000 रुपये बीयर बिक्री की गारंटी लेनी होगी।
नई आबकारी नीति के तहत देसी शराब की ऐसी दुकानों पर बीयर की बिक्री हो सकती है, जिसके तीन किलोमीटर के दायरे में कंपोजिट या फिर मॉडल शाॅप नहीं है। ऐसी 40 दुकानों को चिह्नित कर अनुज्ञापियों को औपचारिकता पूरी करने को कहा गया है।
- महेंद्र प्रताप सिंह, जिला आबकारी अधिकारी