बेसिक शिक्षा विभाग ने फर्जी शिक्षकों के मामले में अब तक 47 के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया है। 37 शिक्षकों पर मुकदमा तो तत्कालीन बीएसए की तहरीर पर हुआ है। करीब 33 शिक्षक निलंबित हैं, जांच अधिकारियों की रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी बीएन सिंह ने बताया कि निलंबित शिक्षकों के मामले की प्रगति रिपोर्ट शासन स्तर से मांगी गई है। रिपोर्ट तैयार की जा रही है। शनिवार को रिपोर्ट शासन को भेज दी जाएगी। आरोपी शिक्षकों के खिलाफ जांच चल रही है। फिलहाल लॉकडाउन की वजह से प्रक्रिया ठंडी पड़ी है। अगले महीने निलंबित शिक्षकों की जांच रिपोर्ट मंगाई जाएगी। तत्पश्चात नियमानुसार कार्रवाई होगी।
गोला विकासखंड के पूर्व माध्यमिक विद्यालय कुनवार बाबू में तैनात सहायक अध्यापक संजीत कुमार को बीपीएड के फर्जी अंकपत्र के आधार पर नौकरी करने के आरोप में बेसिक शिक्षा विभाग ने बर्खास्त कर दिया है।
आरोपी शिक्षक के खिलाफ विभाग को शिकायत मिली थी। प्राथमिक जांच के दौरान शिकायत सही मिलने पर शिक्षक को निलंबित करते हुए विभाग ने इसकी जांच खंड शिक्षा अधिकारी को सौंपी थी। उनकी रिपोर्ट के आधार पर विभाग ने बर्खास्तगी की कार्रवाई की है।
कोतवाली इलाके के दिलेजाकपुर निवासी अजय कुमार तिवारी ने आईजी एसटीएफ से गोला में तैनात शिक्षक संजीत कुमार के खिलाफ शिकायत की थी। शिकायत कर्ता का आरोप था कि वो सुुजीत कुमार के स्थान पर विद्यालय पर सेवाएं दे रहे हैं।
आरोप सही मिलने पर 21 साल से कार्यरत शिक्षक को बर्खास्त कर दिया गया है। विभाग ने अब 48 फर्जी शिक्षकों को बर्खास्त किया है। सभी के खिलाफ राजघाट थाने में मुकदमा दर्ज है।