चार शेर लायन सफारी, इटावा में रखते हुए दो शेर (नर, पटौदी और मादा, मरियम) को गोरखपुर चिड़ियाघर भेज दिया गया। ऐसे में अब स्वीकृत बब्बर शेरों में से दो गोरखपुर लाए जाएंगे। प्रबंधन की टीम जब इन्हें लाएगी तो उसी वक्त भेड़ियों को लाए जाने की अनुमित लेकर उन्हें भी गोरखपुर चिड़ियाघर ला दिया जाएगा।
गुजरात का मौसम गर्म होता है। ऐसे में वन्य जीवों को नवंबर के अंत तक गोरखपुर चिड़ियाघर ला दिया जाएगा। हालांकि इसकी संभावना कम ही दिख रही है। ऐसे में प्रबंधन की तैयारी है कि फरवरी अंतिम सप्ताह या मार्च की शुरुआत में वन्य जीवों को यहां ला दिया जाए। इससे उन्हें यहां के मौसम में खुद को ढालने में परेशानी नहीं होगी।
गोरखपुर चिड़ियाघर के पीसीएफ प्लानिंग व निदेशक डॉ. एच राजामोहन ने कहा कि गुजरात के सक्कर बाग चिड़ियाघर से बब्बर शेर और भेड़िए के जोड़े लाए जाने हैं। इसकी तैयारी शुरू हो चुकी है। हालांकि, हमने एक रिमाइंडर पत्र पहले ही केंद्रीय चिड़ियाघर को भेज दिया है। चूंकि, स्वीकृति पहले ही मिल चुकी थी तो रिमाइंडर भेजकर सिर्फ उनसे अनुमित मांगी है। मिलते ही प्रबंधन की टीम गुजरात जाकर वहां से वन्य शेर लेते आएगी। जबकि, भेड़िए के लिए पूरी उम्मीद है कि वार्ता सफल रहेगी और वार्ता के बाद जोड़े में उन्हें भी चिड़ियाघर ला दिया जाएगा।