गोरखपुर। अमेरिका के सिटी नेशनल बैंक की आईटी/साइबर सुरक्षा व बैंकिंग क्षेत्र की विशेषज्ञ अर्पिता ने कहा कि आर्टिफिशियल इंटेलीजेंस (एआई) समय की मांग है। इससे क्रांतिकारी बदलाव आ रहे हैं। बदलते दौर में साइबर सुरक्षा एक बड़ी चुनौती के रूप में सामने आ रहा है।
वह मंगलवार को मदन मोहन मालवीय प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय (एमएमएमयूटी) में कंप्यूटर इंजीनियरिंग सोसाइटी (सीईएस) की ओर से साइबर सुरक्षा पर आयोजित कार्यक्रम ‘कैप्चर द फ्लैग’ को बतौर मुख्य अतिथि संबोधित कर रही थीं। उन्होंने आईटी, साइबर सुरक्षा और एआई के बारे में विस्तार से बताया। एमएमएमयूटी और स्टैनफोर्ड यूनिवर्सिटी के पुरातन छात्र व प्रोफेसर ऑफ प्रैक्टिस राजेश श्रीवास्तव ने हैप्पीनेस पर व्याख्यान दिया।
इस आयोजन में देशभर के 20 से अधिक प्रतिष्ठित संस्थानों के 650 से अधिक छात्रों ने साइबर सुरक्षा दक्षता का प्रदर्शन किया। गूगल सीटीएफ की तर्ज पर आयोजित इस प्रतियोगिता में छात्रों को एन्क्रिप्टेड संदेशों को डिकोड करने और जटिल पहेलियों को सुलझाने की चुनौती दी गई। प्रतिभागियों ने रिवर्स इंजीनियरिंग, क्रिप्टोग्राफी, स्टेग्नोग्राफी और बाइनरी एक्सप्लॉइटेशन जैसे विषयों पर आधारित ''''''''फ्लैग्स'''''''' को खोजने के लिए साइबर टूल्स का उपयोग किया।
इस अवसर पर विभागाध्यक्ष प्रो. राकेश कुमार, प्रो. पीके सिंह, डॉ. राम कुमार, डॉ. रितेश मौर्य, सोसाइटी के डॉ. बीरेंद्र कुमार शर्मा, डॉ. शैलेंद्र प्रताप सिंह और डॉ. सुशील कुमार सरोज ने भी छात्रों का मार्गदर्शन किया।