गोरखपुर जिले की पुलिस के कामकाज से 60.13 प्रतिशत लोग खुश हैं। ऑनलाइन पोल में हिस्सा लिए लोगों की नजर में पुलिस की कार्यप्रणाली सुधरी है। वहीं, आईजीआरएस और ट्विटर पर पुलिस अभी पीछे है। एक से सात अगस्त किए गए ऑनलाइन फीडबैक में आईजीआरएस, ट्विटर पोल, डायरेक्ट पोल पर सुझाव लिए गए थे। इसी आधार पर एडीजी जोन कार्यालय ने इसी आधार पर रेटिंग जारी की है।
जानकारी के मुताबिक, जुलाई में एफआईआर/एनसीआर और पासपोर्ट/चरित्र सत्यापन में 15.26 प्रतिशत की बढ़ोत्तरी हुई है। अप्रैल माह में पब्लिक अप्रूवल रेटिंग 40.14 प्रतिशत, मई माह में 44.14प्रतिशत, जून माह में 44.87 प्रतिशत थी। जबकि, जुलाई माह की रेटिंग में सुधार दर्ज करते हुए 60.13 प्रतिशत रही।
कुल वोट या फीडबैक में 565 वोट बढ़े हैं। इसी तरह एफआईआर व एनसीआर में अप्रैल में 815, मई 984, जून 1166 और जुलाई महीने में वोटों की संख्या बढ़कर 1688 हो गई। इसी तरह पासपोर्ट/चरित्र सत्यापन में जून महीने में 5418 वोट मिले थे। जबकि, जुलाई में वोटों की संख्या बढ़कर 5 हजार 983 हो गई।