स्वरूप संपत ने परेश रावल के साथ अपनी शुरुआती फिल्म डेट का किस्सा साझा किया, जिसमें उन्होंने बताया कि वो परेश का हाथ पकड़ना चाहती थीं और वो हाथ बांधकर बैठे रहते थे।
परेश रावल और स्वरूप संपत ने साल 1987 में शादी की थी। दोनों आदित्य रावल और अनिरूद्ध रावल के माता-पिता हैं। दोनों की पहली मुलाकात मुंबई में परेश रावल के एक नाटक के मंचन के बाद हुई थी। अपने पति की ही तरह स्वरूप संपत भी कई फिल्मों में काम कर चुकी हैं। उन्होंने टीवी शो 'ये जो है जिंदगी' से दर्शकों के बीच अपनी पहचान बनाई थी। एक हालिया साक्षात्कार में स्वरूप ने अपने और परेश के रिश्ते के शुरूआती दिनों को याद करते हुए कई मजेदार बातें बताईं।
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परेश हाथ पकड़ेंगे या नहीं, यही सोचती रहती थीं संपत
स्वरूप संपत ने द लल्लनटॉप को दिए एक साक्षात्कार में बताया कि वो और परेश रावल एक साथ फिल्म डेट पर जाया करते थे। परेश को एक सज्जन आदमी बताते हुए स्वरूप ने कहा कि वो फिल्म देखने के दौरान अपने हाथों को बांधकर बैठे रहते थे और वो इस सोच में डूबी रहती थीं कि क्या परेश कभी उनका हाथ पकड़ेंगे या नहीं।
दूसरी फिल्म डेट पर हाथ पकड़ने के लिए बनाया था ये प्लान
स्वरूप ने बताया कि परेश उन्हें 'अमर अकबर एंथनी' दिखाने के लिए ले गए थे। उनके पास फिल्म का एक अतिरिक्त टिकट था, लेकिन फिल्म के दौरान उनका हाथ बांधकर बैठना स्वरूप के लिए तनाव जैसा था। इसके बाद, जब दोनों दूसरी बार फिल्म डेट पर गए तो स्वरूप ने 'द एक्सॉर्सिस्ट' देखने की योजना बनाई, जो एक हॉरर फिल्म थी। स्वरुप के मुताबिक, फिल्म डरावनी तो नहीं थी, लेकिन वो डर गई थीं और परेश का हाथ पकड़ना चाहती थीं।
पिछली बार 'जिंदगी इनशॉर्ट' में नजर आई थीं स्वरूप
स्वरूप संपत 'नरम गरम', 'नखुदा', 'त्रिकोण का छोटा कोण', 'की एंड का', 'जिंदगी इनशॉर्ट' और 'करिश्मा' समेत कई फिल्मों में काम कर चुकी हैं। वहीं, परेश रावल की बात करें तो वो इन दिनों फिल्म 'सरफिरा' में नजर आ रहे हैं, जो सिनेमाघरों में दर्शकों की कमी से जूझ रही है। इसमें अक्षय कुमार और राधिका मदान ने भी काम किया है। फिल्म का निर्देशन सुधा कोंगरा ने किया है। परेश आगामी दिनों में 'वेलकम टू द जंगल' में दिखाई देंगे।