भारत और सिनेमा के इतिहास में पहली बार
सिनेमा में और भारत के इतिहास में यह पहली बार हुआ है कि 80 साल का आदमी जिसने कभी अभिनय नहीं किया वह इस अवॉर्ड के लिए नामांकित हुआ है।
पिछले साल जयदीप अहलावत को 'थ्री ऑफ अस' और सान्या मलहोत्रा को 'मिसेज' के लिए ये अवॉर्ड दिया गया था।
'पायर' को मिले कई दूसरे अवॉर्ड
फिल्म 'पायर' को दुनिय भर में सराहा जा रहा है। फिल्म का विश्व प्रीमियर '28वें टैलिन ब्लैक नाइट्स फिल्म फेस्टिवल' में हुआ था। फिल्म को सर्वश्रेष्ठ फिल्म दर्शक का पुरस्कार दिया गया था।
फिल्म को '16वें बेंगलुरू अंतर्राष्ट्रीय फिल्म महोत्सव' में जूरी पुरस्कार मिला है। हाल ही में 24वें इमेजिन इंडिया अंतर्राष्ट्रीय फिल्म महोत्सव पुरस्कारों में सर्वश्रेष्ठ फिल्म और सर्वश्रेष्ठ निर्देशक सहित छह नामांकन मिले।
Tiger Shroff: 10 घंटे शूटिंग करने के बाद टाइगर श्रॉफ ने उठाया 180 किलो वजन, कही हैरान करने वाली बात
फिल्म की कहानी
फिल्म 'पायर' में दो बुजुर्ग ने अहम भूमिका निभाई है, इनके नाम पदम सिंह और हीरा देवी हैं। फिल्म की कहानी हिमालय के एक सुदूर इलाके की है, जहां एक बुजुर्ग जोड़ा पदम और तुलसी रहते हैं। इनकी दुनिया उजड़ने लगी है। इनके गांव से लगभग सभी लोगों ने पलायन कर लिया है। वह सोचते हैं कि जब वो मर जाएंगे तो उनका अंतिम संस्कार कौन करेगा? अचानक एक दिन उनके पास एक खत आता है, जिसके बाद उन्हें जीने की आस जगती है।