पेशावर उच्च न्यायालय की न्यायमूर्ति इश्तियाक इब्राहिम और अब्दुल शकूर की दो सदस्यीय पीठ ने गुरुवार को याचिकाकर्ता के स्वामित्व के मामले को खारिज कर दिया। पेशावर के प्रसिद्ध किस्सा ख्वानी बाजार में महान अभिनेता दिलीप कुमार की हवेली के अधिग्रहण की प्रक्रिया से संबंधित उसी अदालत के पहले के फैसले के आलोक में अदालत ने याचिका को खारिज कर दिया। खैबर पख्तूनख्वा प्रांत के अतिरिक्त महाधिवक्ता ने अदालत को बताया कि प्रांतीय पुरातत्व विभाग ने 2016 में एक अधिसूचना के माध्यम से कपूर हवेली को राष्ट्रीय धरोहर घोषित किया था।
हवेली अब बहुत खराब स्थिति में है और इसके वर्तमान मालिक इसके प्रमुख स्थान को देखते हुए संरचना को ध्वस्त करना और एक वाणिज्यिक प्लाजा का निर्माण करना चाहते हैं। हालांकि, इस तरह के सभी कदम रोक दिए गए क्योंकि पुरातत्व विभाग इसके ऐतिहासिक महत्व को ध्यान में रखते हुए हवेली को संरक्षित करना चाहता था।