उनकी पहली फिल्म छना अचेना थी। इस फिल्म में सौमित्र चटर्जी, अमोल पालेकर, तनुजा, छाया देवी ने काम किया था। उन्हें साल 1996 में संघथ (संघर्ष) के लिए और 2007 में बालीगंज कोर्ट के लिए राष्ट्रीय पुरस्कार से नवाजा गया था।
बंगाली फिल्मों के डायरेक्टर और राष्ट्रीय पुरस्कार विजेता निर्देशक पिनाकी चौधरी का लंबी बीमारी के बाद सोमवार को उनके कोलकाता स्थित आवास पर निधन हो गया। वह 82 साल के थे। अपने पीछे वह पत्नी और एक बेटे को छोड़ गए हैं।
जानकारी के मुताबिक वह कैंसर से पीड़ित थे। एक महीने पहले उन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया था, लेकिन तीन दिन पहले ही उन्हें अस्पताल से डिस्चार्ज कर दिया गया। डॉक्टरों ने उन्हें जीवन के अंतिम दिनों में घर ले जाने का सुझाव दिया था। चौधरी को कला और संगीत में काफी रुचि थी। उन्होंने साल 1983 में फिल्मों की दुनिया में अपनी शुरुआत की। Diwali 2022: गुरु रंधावा के साथ जमकर डांस करती दिखीं शहनाज गिल, वीडियो देख फैंस बोले- ये हुई ना बात