नारकोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो के स्वतंत्र गवाह ‘प्रभाकर सेल’ ने आरोप लगाया कि उसने शाहरुख खान से 25 करोड़ रुपये की मांग करने वाली बातचीत सुनी थी, जिसके बाद मुंबई पुलिस ने जबरन वसूली के मामले की जांच के लिए एक विशेष टीम का गठन किया था।
रिपोर्ट्स के मुताबिक, एसआरके की मैनेजर पूजा ददलानी ने मांगी गई राशि का भुगतान कर दिया था लेकिन 3 अक्तूबर को आर्यन खान की गिरफ्तारी के बाद उसे वापस कर दिया गया। पुलिस ने कथित तौर पर सीसीटीवी की भी जांच की थी जिसमें यह सामने आया कि एसआरके की मैनेजर पूजा ददलानी राशि का भुगतान करने के लिए केपी गोसावी, सैम डिसूजा से मिली थीं। हालांकि, जांच ज्यादा आगे नहीं बढ़ पाई है। मुंबई पुलिस के एक वरिष्ठ अधिकारी ने कहा कि टीम कुछ दस्तावेजों की प्रतीक्षा कर रही है और अभी तक कोई जांच रिपोर्ट जमा नहीं की गई है।
एनसीबी ने एजेंसी के खिलाफ जबरन वसूली के आरोपों की जांच के लिए एक टीम भी गठित की है। इस बीच, नारकोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो के मुंबई क्षेत्र प्रमुख के रूप में काम कर रहे समीर वानखेड़े का कार्यकाल 31 दिसंबर को समाप्त हो जाएगा। इस मामले को अब एनसीबी ने एसआईटी को स्थानांतरित कर दिया है और आर्यन खान को मामले के संबंध में प्रत्येक शुक्रवार को एनसीबी मुंबई कार्यालय में अपनी नियमित उपस्थिति दर्ज करने से मुक्त कर दिया गया है।