क्यों रहस्य बना रहा देवराहा बाबा का जीवन?
देवराहा बाबा की पहचान उनके मचान से जुड़ी थी। वह नदी किनारे जमीन से कई फीट ऊपर बने मचान पर रहते और वहीं से श्रद्धालुओं से मिलते थे। लेकिन उनकी जिंदगी का सबसे बड़ा रहस्य उनकी उम्र को लेकर रहा।
बाबा कितने वर्ष जीवित रहे, इसे लेकर अलग-अलग दावे और जनश्रुतियां मौजूद हैं। लेखक अभिजीत सेन ने भी अपनी पुस्तक में देवराहा बाबा की असाधारण दीर्घायु से जुड़े विभिन्न विवरणों और स्मृतियों की पड़ताल की है। कुछ कथाओं में उनकी आयु 500 वर्ष से भी अधिक होने तक के दावे किए गए हैं, हालांकि इसका कोई सर्वमान्य ऐतिहासिक प्रमाण उपलब्ध नहीं है।
ब्रिटेन और अमेरिका से जुड़े निर्माता
‘मचान बाबा’ को ब्रिटेन में स्थापित भारतीय मूल की कारोबारी पूनम गुप्ता OBE और अमेरिका में रहने वाले उद्यमी विकल्प पालीवाल प्रोड्यूस कर रहे हैं।
ब्रिटेन में ‘Paper Queen’ के नाम से मशहूर पूनम गुप्ता कारोबार की दुनिया में अपनी पहचान बनाने के बाद इस फिल्म के जरिए फिल्म निर्माण के क्षेत्र में कदम रख रही हैं। वहीं, लखनऊ में जन्मे विकल्प पालीवाल वर्तमान में ऑस्टिन, टेक्सास में रहते हैं और आईटी तथा रियल एस्टेट कारोबार से जुड़े हैं।
पूनम गुप्ता कहती हैं, “देवराहा बाबा का जीवन आध्यात्मिकता, इतिहास और रहस्य का अनोखा संगम है। हमारी कोशिश उनकी कहानी को श्रद्धा के साथ-साथ गंभीर रिसर्च और सिनेमाई संवेदनशीलता के साथ बड़े पर्दे पर प्रस्तुत करने की है।”
दूसरे निर्माता विकल्प पालीवाल के मुताबिक, “यह पूरी तरह भारतीय कहानी है, लेकिन इसमें मौजूद विश्वास, रहस्य और मानवीय जिज्ञासा की अपील वैश्विक है।”
फिल्म ओजस फिल्म्स के बैनर तले बन रही है, जो सॉफ्टवेयर और एआई कंपनी ओजस सॉफ्टेक की फिल्म एवं कंटेंट इकाई है।
मेकर्स का कहना है कि ‘मचान बाबा’ केवल चमत्कारों की कहानी नहीं होगी। फिल्म देवराहा बाबा के जीवन से जुड़े आस्था, इतिहास, राजनीति और उन रहस्यों की पड़ताल करेगी, जिनकी चर्चा उनकी मृत्यु के दशकों बाद भी जारी है।
‘मचान बाबा’ को 2027 में रिलीज करने की योजना है।