55 लाख से अधिक छात्र देंगे 10वीं और 12वीं बोर्ड परीक्षा
यूपी बोर्ड परीक्षा में कक्षा 10वीं (2947311 छात्र) और कक्षा 12वीं (2577997) में कुल मिलाकर 55,25,308 परीक्षार्थी शामिल हो रहे हैं। जहां कक्षा 10वी में छात्र की संख्या 15,71184 और छात्राओं की संख्या 13,76127 है। वहीं, कक्षा 12वी में छात्र की संख्या 14,28323 और छात्राओं की संख्या 11,49674 है।
छात्र कॉपी में जरूर करें ये काम
यूपी बोर्ड ने दिशानिर्देश जारी करते हुए कहा, कक्षा 10वीं-12वीं की परीक्षा के दौरान छात्रों को कॉपी के प्रत्येक पन्ने पर अपना रोल नंबर लिखना होगा। इसके साथ ही कॉपी के प्रत्येक पन्ने पर कॉपी का सीरियल नंबर भी दर्ज करना अनिवार्य होगा। ऐसा इसलिए कराया जा रहा है कि परीक्षा के दौरान किसी प्रकार की गड़बड़ी न होने पाए।
परीक्षा के समय में बदलाव
यूपी बोर्ड की परीक्षा में ऐसा पहली बार होने जा रहा है, जब परीक्षा के समय को बढ़ाने की अनुमति दी गई हो। इस साल छात्र-छाआओं की सुविधा के लिए पहले चरण की परीक्षा का समय सुबह 8 बजे 11.15 बजे के स्थान पर सुबह 8.30 से 11.45 बजे किया गया है। वहीं दूसरे चरण में परीक्षा दोपहर 2 से शाम 5.15 बजे तक आयोजित की जाएगी।
होगी सीसीटीवी से निगरानी
यूपी बोर्ड सचिव दिव्य कांत शुक्ला ने जानकारी देते हुए कहा कि प्रदेश में कुल 8265 परीक्षा केंद्र बनाए गए हैं, जिनमें 275 परीक्षा केंद्रों को अति संवेदनशील एवं 466 परीक्षा केंद्रों को संवेदनशील चिह्नित किया गया है। प्रत्येक परीक्षा केंद्र के हर कक्ष में सीसीटीवी कैमरे, वॉयस रिकार्डर तथा राउटर स्थापित किए गए हैं, जिसके माध्यम से पूरी परीक्षा अवधि की लाइव मॉनिटरिंग वेबकास्टिंग के माध्यम से की जाएगी।
बिना किसी अवरोध के पूरी हों परीक्षाएं
परीक्षा बिना किसी परेशानी के आयोजित हो सके, इसके लिए 8265 केंद्र व्यवस्थापक, 8265 वाह्य केंद्र व्यवस्थापक, 8265 स्टेटिक मजिस्ट्रेट, 1273 सेक्टर मजिस्ट्रेट व 424 जोनल मजिस्ट्रेट नियुक्त किए गए हैं। साथ ही 405 सचल दलों का गठन किया गया है। आपको बता दें, परीक्षा के लिए 566 राजकीय विद्यालय, 3479 सवित्त और 4220 वित्त विहीन विद्यालयों का चयन परीक्षा केंद्रों के रूप में किया गया है।
बनाए गए जिला स्तरीय कन्ट्रोल रूम
परीक्षा शांतिपूर्वक तरीके से आयोजित की जाए, इसके लिए शासन स्तर से प्रत्येक जिले के लिए 75 राज्य स्तरीय पर्यवेक्षकों की भी नियुक्ति की गई है। प्रत्येक जिले में ऑनलाइन मॉनिटरिंग के लिए जिला स्तरीय कन्ट्रोल रूम की व्यवस्था की गई है। संवेदनशील और अति संवेदनशील परीक्षा केंद्रों की निगरानी के लिए एसटीएफ को पूरी परीक्षा अवधि तक एक्टिव रखा गया है, जिससे परीक्षा प्रश्न-पत्रों को लीक होने से रोका जा सके।