मानव संसाधन विकास मंत्रालय ने इस एप्टीट्यूड टेस्ट का मॉडूयल राष्ट्रीय शैक्षिक अनुसंधान और प्रशिक्षण परिषद (NCERT) से तैयार करवाया है। इसमें उच्चस्तरीय अभिक्षमता या कौशल परीक्षा (एप्टीट्यूड टेस्ट) को 'तमन्ना' नाम दिया है।
इस परीक्षा के जरिए छात्रों के सामर्थ्य, विकल्प, निर्णय, विषय, योजना और उनकी क्षमता के अनुसार उनके लिए बेहतर करियर का आंकलन किया जा सकेगा। मॉड्यूल में 37 प्रकार के करियर क्षेत्रों की संभावनाएं भी दर्शाई गई हैं। इनमें सीएस, सिविल सर्वेंट, काउंसलर, कॉरपोरेट लॉयर, डाइटीशियन, इवेंट प्लानर, एग्रीकल्चर साइंटिस्ट, अकाउंटेंट, बीपीओ, सेना, होटल, ज्वेलरी, मोबाइल एप डेवलपर, पायलट, फोटोग्राफर, नर्स, पुलिस, रिटेल मैनेजर, रेडियो-टीवी या जर्नलिस्ट, टीचर, आर्ट एंड क्राफ्ट, एनिमेशन, सोशल वर्क, पब्लिक रिलेशन जैसे करियर शामिल हैं। परीक्षा के दौरान किसी छात्र को अंक नहीं दिए जाएंगे। बल्कि इसकी जगह उन्हें परीक्षा में प्रदर्शन के अनुसार अलग-अलग ग्रेड मिलेंगे। फिर इन्हीं ग्रेड्स के आधार पर उनका आंकलन होगा और उनके लिए बेहतर करियर विकल्प का सुझाव दिया जा सकेगा।
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राज्य सरकारों समेत सीबीएसई को भेजा मॉडयूल
केंद्रीय मानव संसाधन विकास मंत्रालय (MHRD) ने सभी राज्य सरकारों को इस एप्टीट्यूड टेस्ट से संबंधित जानकारी व मॉड्यूल भेज दिए हैं। सरकारी स्कूलों के अलावा केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (CBSE - Central Board of Secondary Education) भी अपने मान्यता प्राप्त स्कूलों में इस परीक्षा को आयोजित करेगा। हालांकि छात्रों के लिए इस परीक्षा में भाग लेना अनिवार्य नहीं है। लेकिन मंत्रालय ने राज्यों व सीबीएसई बोर्ड से आग्रह किया है कि वे इस परीक्षा की जानकारी अभिभावकों को भी दें। ताकि वे खुद अपने बच्चे को इस परीक्षा में भाग लेने के लिए प्रेरित कर सकें।
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