आर्ईआर्ईटी कानपुर के स्टूडेंटाें के लिए खुशखबरी है। मानव संसाधन विकास मंत्रालय (एमएचआरडी) और डिपार्टमेंट ऑफ साइंस एंड टेक्नोलॉजी (डीएसटी) ने साइंस एंड टेक्नोलॉजी पार्क आईआईटी कानपुर में खोलने का फैसला लिया है। इसकी मंजूरी केंद्र सरकार ने सोमवार को दे दी है। इस पर 70 करोड़ रुपये का बजट खर्च होगा। इसकी मदद से स्टार्ट अप को बढ़ावा दिया जाएगा। सेंटर का संचालन नवंबर 2017 से शुरू होगा। यह देश का दूसरा टेक्नोलॉजी पार्क होगा।
इंडस्ट्री, एजूकेशनल और रिसर्च इंस्टीट्यूट के बीच की दूरी को कम करने के उद्देश्य से आईआईटी कानपुर में देश का दूसरा टेक्नोलॉजी पार्क स्थापित करने का फैसला हुआ। पहला सेंटर आईआईटी मद्रास में है। एमएचआरडी की मंशा है कि सेंटर की मदद से स्टार्ट अप को बढ़ावा दिया जाए। जो स्टूडेेंट बिजनेस प्लान बनाकर आएं, उन्हें आर्थिक सहयोग और तकनीक देकर स्थापित कराएं। इससे रोजगार की संभावना बढ़ेगी। उद्यमिता अपनाने का मंत्र भी सेंटर की मदद से दिया जाएगा। निदेशक प्रो. इंद्रनील मन्ना ने बताया कि आईआईटी कानपुर के खाते में एक और उपलब्धि जुड़ी है। इलेक्ट्रानिक्स का विशेष सेंटर पहले से खुला है। स्किल डेवलपमेेंट प्रोग्राम में आईआईटी कानपुर काम कर रहा है।
नोएडा में सेटेलाइट सेंटर
- साइंस एंड टेक्नोलॉजी भवन का निर्माण कार्य अगले डेढ़ साल में पूरा होगा। इस कारण सेटेलाइट सेंटर नोएडा एक्सटेंशन में स्थापित किया जा रहा है। इसकी गतिविधि फिलहाल नोएडा से चलेगी। वहां आईआईटी कानपुर की 5 एकड़ जमीन है। अच्छा दफ्तर भी बना है।