रिजल्ट तैयार करने में अपनाई ये प्रक्रिया
नीट पीजी परिणाम की तैयारी के लिए बोर्ड ने अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान (एम्स) दिल्ली द्वारा कई शिफ्टों में आयोजित परीक्षाओं जैसे कि इंस्टीट्यूट ऑफ नेशनल इंपोर्टेंस कंबाइंड एंट्रेंस टेस्ट (आईएन आई सीईटी) के लिए इस्तेमाल की जाने वाली प्रक्रिया को अपनाया है।
कैसे होगी अंकों की गणना?
नीट पीजी के अंकों को सामान्यीकृत किया जाएगा और उन्हें एम्स द्वारा इस्तेमाल की जाने वाली सामान्यीकरण प्रक्रिया की तर्ज पर प्रतिशत अंकों में परिवर्तित किया जाएगा। प्रतिशत अंक उन उम्मीदवारों के प्रतिशत को दर्शाता है जिन्होंने परीक्षा में विशिष्ट प्रतिशत के बराबर या उससे कम अंक प्राप्त किए हैं। बंचिंग प्रभाव से बचने के लिए प्रतिशत अंक की गणना सात दशमलव स्थानों तक की जाएगी। सामान्यीकरण और योग्यता सूची तैयार करने की चरण-दर-चरण प्रक्रिया इस प्रकार है:
परीक्षार्थियों का कई शिफ्टों में वितरण: उम्मीदवारों को अलग-अलग शिफ्टों में इस तरह से आवंटित किया जाएगा कि इन समूहों की संख्या लगभग बराबर हो। इस कदम से यह सुनिश्चित होगा कि परीक्षा देने वाले उम्मीदवारों के वितरण में कोई पक्षपात न हो।
प्रत्येक पाली में परिणाम तैयार करना: परिणाम कच्चे अंकों, प्रतिशत, विषयवार प्रतिशत और कुल प्रतिशत के रूप में तैयार किए जाएंगे। कुल प्रतिशत व्यक्तिगत विषयों के प्रतिशत का औसत नहीं होगा।