इस वर्ष, छात्रों को अपने घरों के पास के केंद्रों पर परीक्षा में शामिल होने की अनुमति दी जाएगी और कोरोना पॉजिटिव छात्र जो परीक्षा देना चाहते हैं, उन्हें कोविड-देखभाल केंद्रों या अस्पतालों से परीक्षा देने की अनुमति दी जाएगी। वहीं, परीक्षा में भाग लेने में असमर्थ कोरोना पॉजिटिव छात्रों को अगले साल फ्रेशर्स के रूप में अनुमति दी जाएगी।
करीब नौ लाख छात्र लेंगे भाग
गौरतलब है कि इस साल एसएसएलसी परीक्षा में 8,76,581 छात्र शामिल होंगे। एक कमरे में 12 छात्रों को ही बैठाया जाएगा। इसके लिए 73,000 परीक्षा कक्षों की व्यवस्था की गई है। उल्लेखनीय है कि पिछले साल भी महामारी के बीच परीक्षा हुई थी। छह दिनों में 8.46 लाख से अधिक छात्र परीक्षा में शामिल हुए थे।
टीका लगवा चुके शिक्षक ही रहेंगे
केवल वे शिक्षक जिन्हें कोरोना के खिलाफ टीका लगाया गया है, वे ही परीक्षा में शामिल होंगे। तकनीकी सलाहकार समिति ने सभी छात्रों को कपड़ा या सर्जिकल मास्क और कोरोना पॉजिटिव छात्रों को एन-95 मास्क देने का भी सुझाव दिया है।