विपक्षी नेता ने भी किया समर्थन
वरिष्ठ कांग्रेस नेता रणदीप सिंह सुरजेवाला ने गुरुवार को एक्स पर एक पोस्ट में मंत्री की टिप्पणी पर प्रतिक्रिया व्यक्त की। उन्होंने कहा, "मैं महिपाल ढांडा से सहमत हूं कि हिंदी हमारी राष्ट्रीय भाषा है। हमें इस पर गर्व है और अगर कोई अंग्रेजी नहीं जानता है, तो इसमें कोई शर्म या समस्या नहीं है।"
हालांकि, सुरजेवाला ने उनके इस बयान को सूबे का मुख्यमंत्री होने के नाते गलत असर डालने वाला भी बताया। उन्होंने कहा, "हरियाणा के शिक्षा मंत्री के रूप में उनका यह कहना कि हमारे युवाओं, हमारी अगली पीढ़ी को हिंदी के साथ अंग्रेजी सीखने की जरूरत नहीं है, सही नहीं है। इस तरह हम उन्हें दुनिया में आगे बढ़ने से वंचित कर देंगे। अंग्रेजी जानने और सीखने में कोई झिझक नहीं होनी चाहिए और इसका अनावश्यक विरोध करने की जरूरत नहीं है।"
सुरजेवाला ने कहा कि अंग्रेजी पूरी दुनिया में, खासकर दक्षिण भारत में एक "लिंक भाषा" है। कांग्रेस नेता ने कहा कि अंग्रेजी जानने से रोजगार के साथ-साथ तकनीक और विज्ञान के अनगिनत दरवाजे खुलते हैं, जिससे संभावनाएं बढ़ती हैं। अकेले गुरुग्राम में दिल्ली और देश के दस लाख से ज्यादा लोग काम करते हैं और उनमें से ज्यादातर हरियाणा से बाहर के हैं। कारण - कॉल सेंटर हो या सॉफ्टवेयर कंपनी, नौकरी पाने के लिए धाराप्रवाह अंग्रेजी जानना अनिवार्य है।
उन्होंने कहा कि यह महत्वपूर्ण है कि हम अपने युवाओं को हिंदी के साथ-साथ अंग्रेजी में भी प्रशिक्षित करें। यह राज्य के साथ-साथ युवाओं के भविष्य के लिए भी महत्वपूर्ण है।