Bihar Board 50 फीसदी ऑब्जेक्टिव टाइप प्रश्न पूछे गए थे
हालांकि, इस बार भी बोर्ड की ओर से बीते सालों की तरह ही कोरोना संक्रमण की आशंका के बीच बोर्ड परीक्षाओं का आयोजन फरवरी माह में ही कर लिया गया था। वहीं, परीक्षा में 50 फीसदी ऑब्जेक्टिव टाइप प्रश्न पूछे गए थे। जिनके लिए बोर्ड ने आंसर की जारी की थी और आपत्तियां भी मांगी गई थी। परीक्षार्थियों और स्कूल प्रबंधन की ओर से प्राप्त आपत्तियों का निस्तारण रिजल्ट देखने का तरीका और सीधा लिंक खबर में दिया गया है। बोर्ड की ओर से 12वीं बोर्ड परीक्षा के टॉपर्स का वेरीफिकेशन संबंधी कार्य पूरा कर लिया गया है। वहीं, रिजल्ट को बिहार बोर्ड की आधिकारिक वेबसाइट्स पर अपलोड करने का कार्य भी पूरा हो गया है।
BSEB Result बिहार बोर्ड ने कायम रखी परंपरा
कोविड-19 महामारी के प्रसार की आशंकाओं के बावजूद बिहार बोर्ड लगातार हर साल सबसे पहले बोर्ड परीक्षाओं को आयोजित करता आया है। इस बार भी बोड ने फरवरी में ही बोर्ड परीक्षाओं का आयोजन सफलतापूर्वक किया और अब परिणाम भी सबसे पहले मार्च में ही जारी कर दिया है। यह एक बड़ी उपलब्धि है। वहीं, लेकिन बिहार बोर्ड इन सभी समस्याओं से अछूता रहा है। बीते साल भी बोर्ड ने छात्रों की सुरक्षा हितों को ध्यान में रखते हुए फरवरी 2021 में ही बोर्ड परीक्षाओं का आयोजन कर लिया था। वहीं, मार्च में बोर्ड परीक्षाओं का रिजल्ट भी घोषित कर दिया था। लगातार पिछले पांच सालों से बिहार बोर्ड देश में सबसे पहले बोर्ड परीक्षाओं का परिणाम जारी करता आया है।