दीक्षांत समारोह पर विवाद
गोर बंगा यूनिवर्सिटी का दीक्षांत समारोह 25 अगस्त को होना था, लेकिन राज्य सरकार के निर्देश पर इसे रद्द कर दिया गया। राज्यपाल ने इस पर कड़ा रुख अपनाते हुए कहा कि सरकार को विश्वविद्यालयों की स्वायत्तता में हस्तक्षेप करने का कोई अधिकार नहीं है। लेकिन वीसी इस आदेश का पालन करने में नाकाम रहे, जिसके बाद उन्हें हटाने का फैसला और तेजी से लिया गया।
कब बने थे वीसी?
राज्यपाल बोस ने अप्रैल 2024 में प्रो. पबित्र चट्टोपाध्याय को राज्य सरकार की सूची से चुनकर गोर बंगा यूनिवर्सिटी का कार्यवाहक वीसी नियुक्त किया था। गौरतलब है कि यह विश्वविद्यालय 2017 से दीक्षांत समारोह आयोजित नहीं कर पाया था, जिसकी वजह राज्य सरकार और राजभवन के बीच विवाद मानी जाती रही है।