नई दिल्ली। दिल्ली-एनसीआर समेत पहाड़ों में लगातार हो रही बारिश से यमुना नदी का जलस्तर लगातार बढ़ रहा है। सोमवार को पुराने पुल पर जलस्तर खतरे के निशान के करीब 204.38 मीटर तक पहुंच गया। यमुना के बढ़ते जल स्तर पर दिल्ली सरकार के मंत्री सत्येंद्र जैन का कहना है कि सरकार बाढ़ जैसे हालत से निपटने के लिए पूरी तरह तैयार है।
अधिकारियों का कहना है कि यमुनानगर में स्थित हथिनीकुंड बैराज से अभी सामान्य स्तर का पांच से दस हजार क्यूसेक के बीच पानी नियमित तौर पर छोड़ा जा रहा है। इससे अभी बाढ़ की आशंका नहीं है, लेकिन मौसम विभाग आने वाले दिनों में जिस तरह तेज बारिश की आशंका जाहिर कर रहा है, उससे जल स्तर में तेजी से बढ़ोतरी हो सकती है।
यमुना में खतरे का निशान 205.33 मीटर है। सोमवार को जलस्तर इससे करीब एक मीटर नीचे रहा। इससे पहले रविवार सुबह करीब 8 बजे जलस्तर 204.18 मीटर था। हालांकि, सोमवार शाम जल स्तर में मामूली गिरावट आई है, लेकिन आने वाले दिनों में हथिनीकुंड से छोड़े गए पानी की मात्रा बढ़ने से जल स्तर में और इजाफा होगा। जैन का कहना है कि दिल्ली की बाढ़ से बचने की तैयारियां पूरी हैं। जैसे ही जल स्तर बढ़ता है, सरकार इससे बचाव के प्रभावी कदम उठाएगी।
26 से 28 के बीच तेज बारिश का अनुमान
मौसम विभाग ने दिल्ली-एनसीआर समेत पहाड़ी इलाकों में बुधवार से बारिश होने का अनुमान जताया है। मौसम विभाग के वरिष्ठ वैज्ञानिक कुलदीप श्रीवास्तव का कहना है कि इस वक्त मानसून दिल्ली-एनसीआर के नजदीक शिफ्ट हो रहा है। बंगाल की खाड़ी व अरब सागर से चलने वाली नम हवाएं बारिश लाएगी। तेज बारिश की शुरुआत 26 अगस्त की देर शाम होगी। इसका सिलसिला 28 अगस्त तक जारी रहेगा।